डॉ. मोहन यादव सरकार की पहल: ‘रोजगार सदाबहार’ योजना से ग्रामीणों की आय होगी दोगुनी, 60% तक सब्सिडी का प्रावधान

🔴 तेजकुमार जारवाल
जिला रिपोर्टर | इंदौर
वंदे भारत LIVE TV NEWS
भोपाल | विशेष समाचार संवाददाता
मध्य प्रदेश में पशुपालन और ग्रामीण स्वरोजगार को नई दिशा देने के लिए राज्य सरकार की '10+1 बकरी इकाई योजना' पशुपालकों के लिए आर्थिक उन्नति का प्रमुख जरिया बन रही है। योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य में उन्नत नस्ल के पशुधन का विस्तार करना और कम लागत में पशुपालकों की आय में वृद्धि करना है।
क्या है 10+1 बकरी इकाई योजना? इस योजना के तहत पशुपालकों को एक व्यावसायिक इकाई (यूनिट) प्रदान की जाती है।
प्रत्येक इकाई में 10 स्थानीय नस्ल की मादा बकरियां और 1 उन्नत नस्ल का नर बकरा शामिल होता है। इस पूरी इकाई की कुल अनुमानित लागत ₹77,456 तय की गई है।
सब्सिडी और वित्तीय संरचना (लागत विवरण)
योजना के अंतर्गत विभिन्न वर्गों के हितग्राहियों को सरकार की ओर से आकर्षक सब्सिडी दी जा रही है:
SC / ST वर्ग: कुल लागत पर 60% तक का अनुदान (सब्सिडी)। सामान्य / OBC वर्ग: कुल लागत पर 40% तक का अनुदान (सब्सिडी)।
हितग्राही का स्वयं का अंशदान: लाभार्थी को योजना की कुल लागत का केवल 10% (लगभग ₹7,746) ही स्वयं लगाना होता है। बैंक ऋण सहायता: शेष बची हुई राशि बैंक ऋण (Bank Loan) के माध्यम से उपलब्ध कराई जाती है, जिससे पशुपालकों पर शुरुआती वित्तीय बोझ नहीं पड़ता।
वर्गसरकारी अनुदान (Subsidies)हितग्राही अंशदान (Self Contribution)
SC / ST60% तक10% (लगभग ₹7,746)
सामान्य / OBC40% तक10% (लगभग ₹7,746)
सुरक्षा और आहार की पूरी व्यवस्था
योजना में केवल पशु प्रदान करने तक ही सहायता सीमित नहीं रखी गई है, बल्कि पशुपालकों को जोखिम से बचाने के लिए निम्नलिखित अतिरिक्त सुविधाएं भी शामिल हैं:
5 वर्षों का पूर्ण पशु बीमा: इकाई में शामिल सभी बकरियों और बकरे का 5 साल का व्यापक बीमा कराया जाता है। 3 महीने का दाना-आहार: पशुओं के शुरुआती पोषण के लिए 3 माह का आहार (चारा/दाना) भी उपलब्ध कराया जाता है।
पात्रता एवं आवेदन प्रक्रिया यह योजना उन सभी इच्छुक व्यक्तियों और पशुपालकों के लिए है जो नए सिरे से बकरी पालन शुरू करना चाहते हैं या अपनी मौजूदा गतिविधियों का विस्तार करना चाहते हैं। विशेष नोट: योजना की शर्तें, सब्सिडी की दरें और आवेदन की पात्रता जिले एवं समय अनुसार परिवर्तित हो सकती हैं।
इच्छुक आवेदक अपने जिले के निकटतम पशुचिकित्सा अधिकारी / पशुपालन विभाग (Veterinary Department) के कार्यालय से संपर्क कर आवेदन पत्र एवं आवश्यक दस्तावेजों की नवीनतम जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
🔔 Vande Bharat News Alerts
नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।







