वरिष्ठजन कल्याण महासंघ ने किया नशामुक्ति अभियान का आगाज: युवाओं को नशा से बचाने का लक्ष्य

Add a new post to my WordPress website• वरिष्ठजन कल्याण महासंघ ने किया नशा मुक्ति अभियान का आगाज
• नशाखोरी सामाजिक अभिशाप है। युवा पीढ़ी को नशे के प्रकोप से बचाना जरूरी : घनश्याम देवांगन
भिलाई। वरिष्ठजन कल्याण महासंघ द्वारा भावी पीढी को नशे की बढ़ती प्रवृत्ति से बचाने एवं स्वस्थ, जागरूक और सशक्त समाज के निर्माण के उद्देश्य से “नशा मुक्ति ” अभियान का आगाज किया गया। सियान सदन वैशाली नगर भिलाई में मंगलवार को आयोजित संगोष्ठी में महासंघ के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने एकजुट होकर नशे के खिलाफ जनजागरण अभियान चलाने का संकल्प लिया। विशेषकर युवाओं में नशाखोरी की बढ़ती प्रवृत्ति एवं बढ़ते अपराधों पर गहरी चिंता व्यक्त की गई। सभी वरिष्ठजनों ने समाज में व्याप्त हर तरह की नशा, अश्लीलता एवं सामाजिक बुराइयों को रोकने जनजागरण करने का संकल्प लिया। संगोष्ठी की अध्यक्षता आचार्य डॉ महेश चंद्र शर्मा ने की।
महासंघ के अध्यक्ष घनश्याम कुमार देवांगन ने संगोष्ठी में आधार वक्तव्य देते हुए कहा कि नशा सामाजिक अभिशाप है और समाज के लिए गंभीर समस्या बन गया है, जो विशेष रूप से युवाओं के चरित्र एवं भविष्य को बुरी तरह से प्रभावित कर रहा है। नशा के कारण परिवार एवं समाज में आए दिन लड़ाई-झगड़े, लूटपाट, छेड़छाड़, बलात्कार एवं हत्या जैसे अपराध बढ़ते ही जा रहे हैं। जिन युवाओं के हाथों में किताबें, हुनर और सुनहरे भविष्य का सपना होना चाहिए था, वहां नशे का जहर पहुंच रहा है। वरिष्ठ नागरिकों का अनुभव और मार्गदर्शन इस दिशा में महत्वपूर्ण एवं सार्धक भूमिका निभा सकता है।
आचार्य डॉ महेश चंद्र शर्मा ने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि नशा का दुष्परिणाम स्वरूप समाज में बुराईयां और अपराध बढ़ रहे हैं तथा चारित्रिक पतन हो रहा है। इसे रोकने बच्चों एवं युवाओं को भारतीय ज्ञान परंपरा की शिक्षा दी जानी चाहिए, ताकि वे संस्कारवान बनें। इस अभियान के अंतर्गत विभिन्न स्थानों पर रैली, जनसंवाद, विचार गोष्ठी, जागरूकता कार्यक्रम एवं नशा विरोधी नारे आदि के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जाएगा। कार्यक्रम में “नशा छोड़ो, जीवन से नाता जोड़ो”, "नशा है बीमारी, इससे दूरी है समझदारी", "नशा मुक्त समाज–हमारा संकल्प" जैसे अनेक प्रेरक नारे लिखे हुए तख्तियों के साथ लोगों को नशा छोड़ने और दूसरों को भी प्रेरित करने का संदेश दिया गया। नशे की लत में डूबे युवाओं को समझाइश देने, उनका ड्रग्स का लत छुड़ाने नशामुक्ति केंद्र, विशेषज्ञों एवं मनोचिकित्सकों आदि का भी मार्गदर्शन एवं सहयोग लिया जाएगा। अनेक वक्ताओं ने नशा उन्मूलन के प्रति शासन प्रशासन की लचर भूमिका पर आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने पूर्ण नशाबंदी को अतिआवश्यक बताया। वरिष्ठजनों ने कहा कि हम स्वयं पहल कर समाज में आदर्श स्थापित करेंगे।
कार्यक्रम में वरिष्ठजन आचार्य डॉ महेशचंद्र शर्मा, घनश्याम कुमार देवांगन, संतोष शुक्ला, शंकर शेन्डे एवं सतीश कुमार गुप्ता का अंगवस्त्र, श्रीफल एवं गुलदस्ता भेंटकर सम्मान किया गया। गायकों ने सुमधुर गीत संगीत प्रस्तुत कर समां बांधा। कार्यक्रम का शुभारंभ सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ एवं आरती से हुई।
इस अवसर पर महासंघ के कोषाध्यक्ष दिनेश कुमार गुप्ता, एस के शुक्ला, शंकर शेन्डे, सतीश कुमार गुप्ता, धानेश्वर कुमार निर्मल, गंगाचरण पुरोहित, राजपाल सिंह राघव, एन एल मौर्य प्रीतम, टी एन कुशवाहा, चन्द्रभान दिन्डे, नंदकुमार देवांगन, रमेशचन्द्र बटघरे, सतीश गुप्ता, के एल खुबानी, एस सी जैन, रामायण मिश्रा, एम एल गोपाल, रामाधार वर्मा, हुकुमचंद देवांगन, सुरेन्द्र राय, गोविन्द अंबीकर, त्रिलोकीनाथ शर्मा, राम बोरकर, जी डी सिंह, महेश रत्नानी, अशोक आदि वरिष्ठ नागरिक गण उपस्थित थे। आभार प्रदर्शन वैशाली नगर सियान सदन के महासचिव दिनेश कुमार गुप्ता ने किया।
🔔 Vande Bharat News Alerts
नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।






