
हाथरस के सिकंदराराऊ में एक नाबालिग लड़की के अपहरण और घर से नकदी-जेवर चोरी के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई विशेष न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट के आदेश पर की गई है। कोतवाली सिकंदराराऊ में सात नामजद व्यक्तियों और उनकी एक महिला सहयोगी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। आरोप है कि आरोपियों ने नाबालिग को शादी और दुष्कर्म के इरादे से बहला-फुसलाकर ले गए।
पुरदिलनगर निवासी पिंकी ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया था। उन्होंने बताया कि 22 जून की सुबह वह अपने पति और बेटे के साथ हाथरस न्यायालय में तारीख पर गई थीं। इस दौरान उनकी करीब 15 वर्षीय बेटी घर पर अकेली थी।
पिंकी का आरोप है कि उनकी अनुपस्थिति में जगतपाल, राहुल, प्रवीन, दामोदर, ममता, सोनू और अमन (सभी निवासी नरौरा, थाना अवागढ़, जिला एटा) ने किशोरी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गए। साथ ही, उन्होंने घर का ताला तोड़कर लगभग 50 हजार रुपये नकद, एक जोड़ी पायल, सोने की अंगूठी और सोने का पेंडल भी चोरी कर लिया।
महिला ने यह भी आरोप लगाया कि जब उन्होंने आरोपियों से संपर्क किया, तो उन्हें धमकी दी गई कि यदि बेटी को खोजने का प्रयास किया गया, तो उसके साथ दुष्कर्म कर हत्या कर दी जाएगी। प्रार्थना पत्र में यह भी उल्लेख है कि आरोपी पहले भी किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जा चुके थे, लेकिन उस समय समझौता करा दिया गया था।
पिंकी ने बताया कि घटना के बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत की और पुलिस अधीक्षक को पंजीकृत डाक से प्रार्थना पत्र भी भेजा, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंनेन्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय के आदेश पर कोतवाली सिकंदराराऊ पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



