मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रीवा एयरपोर्ट से वीडियो कांफ्रेंस द्वारा कमिश्नर एवं कलेक्टर को दिए निर्देश।


मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रीवा एयरपोर्ट से वीडियो कांफ्रेंस द्वारा कमिश्नर एवं कलेक्टर को दिए निर्देश।
जहां बाढ़ का पानी, वहां खोलें राहत शिविर नुकसान का सर्वे कर प्रभावितों को शीघ्र दें सहायता राशि।
(जिला ब्यूरो चीफ सिंगरौली अमरेन्द्र शुक्ला)
रीवा : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दिल्ली दौरे के बाद रीवा पहुंचे रविवार को रीवा एयरपोर्ट से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से रीवा एवं शहडोल संभाग के कमिश्नरों और कलेक्टरों के साथ बाढ़ राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में अभी भी बाढ़ का पानी भरा हुआ है, वहां तत्काल राहत शिविर खोले जाएं और प्रभावित लोगों के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल तथा चिकित्सा सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में किसी भी स्थिति में जनहानि और पशुहानि नहीं होने दी जाए। इसके लिए प्रशासन, पुलिस सहित सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रहते हुए राहत एवं बचाव के सभी आवश्यक उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। टेक्निकल सर्वे दल करेगा नुकसान का आकलन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संभागायुक्तों को बाढ़ से हुए नुकसान का वास्तविक आकलन करने के लिए टेक्निकल सर्वे दल गठित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मकान, संपत्ति एवं अन्य नुकसान का सर्वे कराया जाए। जहां फसल क्षति की सूचना है, वहां प्राथमिकता के आधार पर सर्वे दल भेजकर नुकसान का आकलन किया जाए और प्रभावित किसानों को जल्द से जल्द राहत राशि उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने पटवारियों के माध्यम से कच्चे एवं क्षतिग्रस्त मकानों का भी सर्वे कराने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों के घर, सामान और खाने-पीने की वस्तुएं नष्ट होने पर उन्हें तत्काल आरबीसी 6/4 के तहत सहायता राशि उपलब्ध कराई जाए।
कम पानी वाली फसलों के लिए किसानों को करें प्रेरित
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि किसानों को भविष्य में कम पानी वाली फसलें अपनाने के लिए प्रेरित किया जाए। ऐसा वातावरण तैयार किया जाए कि आगामी फसल चक्र में किसान स्वेच्छा से कम पानी की आवश्यकता वाली फसलों की ओर रुख कर सकें। जहां प्रारंभिक अवस्था की बुवाई नष्ट हो गई है, वहां किसानों के लिए पर्याप्त बीज की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। साफ-सफाई और स्वास्थ्य पर विशेष जोर मुख्यमंत्री ने सभी नगरीय निकायों और गांवों में विशेष साफ-सफाई अभियान शुरू करने के निर्देश दिए, ताकि बारिश और बाढ़ के बाद संक्रमण एवं बीमारियों को फैलने से रोका जा सके। जल स्रोतों और हैंडपंपों में ब्लीचिंग पाउडर डालकर क्लोरीनेशन कराने तथा बाढ़ प्रभावित गांवों और नगरीय वार्डों में विशेष चिकित्सा शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को सर्पदंश की घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित करने को कहा। बुखार, सर्दी-जुकाम सहित अन्य बीमारियों के मरीजों का गंभीरता से उपचार करने के निर्देश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी प्रकार की महामारी की स्थिति निर्मित नहीं होने दी जाए। बिजली, पशुधन और गौशालाओं की व्यवस्था पर भी निर्देश मुख्यमंत्री ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि अतिवृष्टि से जिन गांवों की बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है, वहां तत्काल विद्युत व्यवस्था बहाल की जाए। पशु चिकित्सा विभाग को बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में पशुओं के उपचार को प्राथमिकता देने तथा मृत पशुओं का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण करने के निर्देश दिए गए। गौशालाओं में पशुओं के लिए पर्याप्त चारा और पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा गया। सीधी में बह गई सड़क की होगी टेक्निकल जांच
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सीधी जिले में अत्यधिक वर्षा के कारण नवनिर्मित सड़क बह जाने की घटना को गंभीरता से लिया।
उन्होंने रीवा संभाग के कमिश्नर को मामले की टेक्निकल टीम से जांच कराकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मुख्यमंत्री ने रीवा, सतना, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर एवं जबलपुर सहित संबंधित जिलों के कलेक्टरों से चर्चा कर बाढ़ के दौरान 24 घंटे अलर्ट मोड पर कार्य करने के निर्देश दिए। राजस्व, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, चिकित्सा, पशु चिकित्सा और कृषि विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को अपने कार्यस्थल एवं फील्ड में मुस्तैद रहने तथा दल बनाकर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य करने के निर्देश दिए गए।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, जनप्रतिनिधि एवं विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
🔔 Vande Bharat News Alerts
नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।







