आगर-मालवा। असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश लेकर आया विजयादशमी पर्व मंगलवार को आगर में उत्साह और पारंपरिक उल्लास के साथ मनाया गया। ईदगाह स्थित दशहरा मैदान में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले के साथ 25-25 फीट ऊंचे मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन किया गया। आकर्षक आतिशबाजी के बीच हुए इस आयोजन के साक्षी बनने के लिए हजारों नागरिकों के साथ आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।
उत्सव की शुरुआत भगवान श्रीराम, लक्ष्मण और हनुमान की आकर्षक झांकी के साथ हुई। सुसज्जित झांकी जुलूस के रूप में दशहरा मैदान पहुंची। यहां पूजा-अर्चना और विधि-विधान से धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए गए। इसके बाद रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन किया गया।
शाम से ही दशहरा मैदान में लोगों की भीड़ जुटने लगी थी। पुतलों के दहन के दौरान हुई आतिशबाजी ने उत्सव के उल्लास को और बढ़ा दिया। नगर प्रशासन की ओर से भी आतिशबाजी की गई। शाम करीब सात बजे रावण दहन के साथ मैदान जयकारों और उत्सवी माहौल से गूंज उठा।
विजयादशमी का यह आयोजन केवल परंपरा का निर्वहन नहीं, बल्कि सत्य, सदाचार और धर्म की विजय के शाश्वत संदेश को दोहराने का अवसर भी बना।