Vande Bharat Live TV News
देश • राज्य • जिला — खबरें तेज़, साफ और विश्वसनीय तरीके से
उत्तर प्रदेश

कृषि विभाग: जहाँ तबादलों में होता है ‘बड़ा घोटाला’ और मंत्री पूछते हैं ‘खर्चा-पानी’ का हाल!

16 Jun 2026, 01:28 PM • Vande Bharat Live TV News
📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅
1781596341301

अजीत मिश्रा (खोजी)

बस्ती का कृषि विभाग: तबादलों का ‘बाज़ार’ और 10 साल का ‘भ्रष्टाचार का रिकॉर्ड’

  • ‘भ्रष्टाचार के मुखिया’ को कब तक बचाएंगे कृषि मंत्री? तबादला घोटाले से खुली पोल
  • कृषि मंत्री के ‘नाम’ रहा 10 साल का ‘भ्रष्टाचार’, क्या जनता अब भी चुप रहेगी?
  • ऑनलाइन तबादले की नीति की उड़ी धज्जियाँ, ऑफलाइन खेल कर हुई धन उगाही

बस्ती। प्रदेश की योगी सरकार भले ही ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ का दावा करती हो, लेकिन बस्ती जिले के कृषि विभाग में जो कुछ चल रहा है, वह किसी भी जागरूक नागरिक को झकझोर देने वाला है। पिछले 10 वर्षों से कृषि मंत्री के रूप में सूर्य प्रताप शाही के कार्यकाल पर अब न केवल प्रशासनिक, बल्कि नैतिक सवाल भी खड़े हो गए हैं। विभाग अब किसानों की सेवा का केंद्र कम और ‘भ्रष्ट तबादलों’ की एक बड़ी मंडी ज्यादा बन गया है।बस्ती के कृषि विभाग में जो कुछ चल रहा है, वह सिर्फ प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि एक सुनियोजित ‘लूट तंत्र’ है। हाल ही में सामने आया ‘तबदलों में घोटाला’ इस बात का प्रमाण है कि विभाग में भ्रष्टाचार की जड़ें कितनी गहरी हो चुकी हैं। जब नियम-कानूनों को ताक पर रखकर, ऑनलाइन की जगह ऑफलाइन तरीके से तबादले किए जाते हैं, तो स्पष्ट है कि मंशा ‘सुशासन’ नहीं, बल्कि ‘धन उगाही’ है।

तबादलों में बड़ा ‘घोटाला’: ऑनलाइन के बजाय ऑफलाइन का खेल

​कृषि विभाग के भीतर तबादलों को लेकर जो खेल खेला गया, उसने शासन की ऑनलाइन नीति की धज्जियाँ उड़ा दी हैं। शासन का स्पष्ट निर्देश था कि तबादले ‘ई-ऑफिस’ के माध्यम से ऑनलाइन होंगे, ताकि पारदर्शिता बनी रहे। लेकिन बस्ती में क्या हुआ? ‘सेटिंग’ के दम पर आनन-फानन में ऑफलाइन तबादले कर दिए गए।

​जानकारों का कहना है कि अगर तबादले ऑनलाइन होते, तो ‘धन उगाही’ का अवसर ही नहीं मिलता। इस खेल में जिला कृषि अधिकारी कार्यालय के बाबू, जिनका तबादला किया जाना था, वे आज भी वहीं डटे हैं। सवाल यह है कि यदि नियमों के उल्लंघन में बाबुओं का तबादला हो सकता है, तो ‘भ्रष्टाचार के मुखिया’ यानी जिला कृषि अधिकारी पर कार्रवाई क्यों नहीं होती? क्या वे ‘मोटा लिफाफा’ पहुँचाने में कुशल हैं?

‘खर्चा-पानी’ की पेशकश: पत्रकार को भी नहीं छोड़ा

​सबसे स्तब्ध करने वाला वाकया तब सामने आया जब कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही से जब भ्रष्टाचार और तबादलों में अनियमितता को लेकर तीखे सवाल पूछे गए। मंत्री महोदय सवालों का तर्कसंगत जवाब देने के बजाय असहज नजर आए और उन्होंने पत्रकार को ही ‘खर्चा-पानी’ लेने की पेशकश कर डाली।सबसे शर्मनाक पहलू वह है, जब जिम्मेदार मंत्री तीखे सवालों का सामना करने के बजाय पत्रकारों को ‘खर्चा-पानी’ लेने की पेशकश करते हैं। यह न केवल पद की गरिमा के खिलाफ है, बल्कि यह स्वीकारोक्ति भी है कि विभाग में भ्रष्टाचार को संरक्षण प्राप्त है।

​यह घटना दर्शाती है कि विभाग के भीतर ‘भ्रष्टाचार’ का तंत्र कितना बेखौफ हो चुका है। जब मंत्री ही सरेआम पत्रकारों को उपकृत करने की बात करेंगे, तो विभाग के अन्य अधिकारी और बाबू कितने ईमानदार होंगे, इसका सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।

पिछले 10 साल: किसानों के हाथ क्या लगा?

​कृषि मंत्री के रूप में 10 साल का लंबा कार्यकाल पूरा करने के बाद भी यदि किसान खाद, अनुदान, मृदा परीक्षण, और मेड़बंदी के लिए तरस रहे हैं, तो यह सीधे तौर पर मंत्री की विफलता है।

  • खाद का संकट: किसानों को निर्धारित समय और दर पर खाद उपलब्ध नहीं हो पा रही है।
  • चीनी मिलों की दुर्दशा: जिले में बंद पड़ी चीनी मिलों को चलवाने में भी कोई सार्थक प्रयास नहीं किया गया।
  • भ्रष्ट अधिकारियों का संरक्षण: विभाग में तबादले से लेकर अनुदान तक, हर जगह ‘कट’ कमीशन का खेल जारी है। विभाग के अधिकारी उन ‘भ्रष्ट’ बाबुओं को बचाए रखते हैं, जो ऊपर तक हिस्सा पहुँचाते हैं।

सत्ता के गलियारों में उठते सवाल: क्या भाजपा इन्हें फिर मैदान में उतारेगी?

​बस्ती की जनता अब पूछ रही है कि क्या भाजपा 2027 के चुनाव में ऐसे ‘रिपोर्ट कार्ड’ के साथ जनता के बीच जाएगी? एक ऐसा मंत्री, जिसके गृह जनपद में भ्रष्टाचार की जड़ें इतनी गहरी हों, क्या वह फिर से मंत्री बनने के लायक है?

​विभाग के अंदर ईमानदार कर्मचारियों को ‘वीआरएस’ (VRS) के लिए मजबूर किया जा रहा है और बेईमानों का स्वागत हो रहा है। जिस प्रदेश में मंत्री को अपनी पसंद की टीम बनाने का अधिकार न हो, वहाँ का विकास केवल कागजों तक सीमित रह जाता है।

निष्कर्ष: क्या योगी जी लेंगे संज्ञान?

​बस्ती के लोग अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से उम्मीद लगाए बैठे हैं। अगर कृषि विभाग में हो रही लूट को नहीं रोका गया, तो यह न केवल सरकार की छवि खराब करेगा, बल्कि किसानों का भरोसा भी पूरी तरह टूट जाएगा। समय आ गया है कि इस ‘भ्रष्टाचार के मुखिया’ विभाग पर सख्त कार्रवाई हो और दागी अधिकारियों को बाहर का रास्ता दिखाया जाए।भाजपा सरकार को यह तय करना होगा कि क्या वे ऐसे ‘भ्रष्ट तंत्र’ के साथ जनता के बीच जाएंगे? अगर योगी सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति रखती है, तो ऐसे मंत्रियों और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही?

​क्या यह संभव है, या फिर आने वाले समय में भी कृषि विभाग ‘भ्रष्टाचार की प्रयोगशाला’ बना रहेगा?

यह लेख उपलब्ध मीडिया रिपोर्ट्स और तथ्यों के आधार पर तैयार किया गया है।

📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅

🔔 Vande Bharat News Alerts

नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।

संबंधित और ताज़ा खबरें

महराजगंज में PDA जन पंचायत, समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्षश्यामलाल पाल ने भाजपा पर साधा निशाना।
Mahrajganj16 Sep

महराजगंज में PDA जन पंचायत, समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्षश्यामलाल पाल ने भाजपा पर साधा निशाना।

महराजगंज। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल बुधवार को महराजगंज पहुंचे। यहां आयोजित PDA जन पंचायत में…

पूरी खबर पढ़ें →
थाना चरखारी पुलिस टीम द्वारा अवैध तमंचा व जिन्दा कारतूस के साथ 01 नफर अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार।
Mahoba16 Sep

थाना चरखारी पुलिस टीम द्वारा अवैध तमंचा व जिन्दा कारतूस के साथ 01 नफर अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार।

पुलिस अधीक्षक महोबा श्री शशांक सिंह के कुशल निर्देशन में एवं अपर पुलिस अधीक्षक महोबा श्रीमती वन्दना सिंह…

पूरी खबर पढ़ें →
🔥 गाजीपुर में काजू एक्सपोर्ट प्लांट में भीषण आग, 32 टन RCN जलकर राख, करीब 2 करोड़ का नुकसान! बिजली आने के बाद तीनों ड्रायर मशीनें एक साथ चालू होने से शॉर्ट सर्किट की आशंका, 40 मिन
अतिवृष्टि के कारण जनपद महोबा में हुए,फसलों के नुक्सान का संयुक्त टीम द्वारा सर्वे कर
Mahoba16 Sep

अतिवृष्टि के कारण जनपद महोबा में हुए,फसलों के नुक्सान का संयुक्त टीम द्वारा सर्वे कर

अतिवृष्टि के कारण जनपद महोबा में हुए,फसलों के नुक्सान का संयुक्त टीम द्वारा सर्वे कर आंकलन करने के…

पूरी खबर पढ़ें →
मिशन शक्ति 5.0 को लेकर सोनहा पुलिस एक्टिव, महिलाओं-बालिकाओं को किया जागरूक, 15 लोगों की हुई चेकिंग
Basti16 Sep

मिशन शक्ति 5.0 को लेकर सोनहा पुलिस एक्टिव, महिलाओं-बालिकाओं को किया जागरूक, 15 लोगों की हुई चेकिंग

ब्रेकिंग न्यूज़ यूपी बस्ती DIG श्री संजीव त्यागी के निर्देशन, SP डॉ. यशवीर सिंह के आदेश, ASP श्यामकांत…

पूरी खबर पढ़ें →
error: Content is protected !!