आगर-मालवा। आस्था, परंपरा और सामूहिक भक्ति के रंगों से सराबोर आगर नगर में जय भवानी ग्रुप की चुनर यात्रा ने धार्मिक उत्साह का अनूठा दृश्य प्रस्तुत किया। पुरानी कृषि उपज मंडी से शुरू हुई यात्रा में श्रद्धालुओं की भागीदारी और मां भवानी के जयकारों के बीच 51 मीटर लंबी चुनरी लेकर भक्त गुफा बर्डा स्थित मां तुलजा भवानी मंदिर पहुंचे। यहां माता रानी को चुनरी अर्पित कर श्रद्धालुओं ने सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। यह आयोजन अपनी निरंतरता के 20वें वर्ष में प्रवेश कर चुका है।
*19 वर्षों की परंपरा, आस्था का निरंतर प्रवाह*
जय भवानी ग्रुप की ओर से प्रतिवर्ष आयोजित होने वाली यह चुनर यात्रा नगर की धार्मिक परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई है। दो दशक के करीब पहुंची इस परंपरा ने भक्ति के साथ सामाजिक सहभागिता को भी मंच दिया है। पुरानी कृषि उपज मंडी से निकली यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। इस दौरान माता के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। जगह-जगह नगरवासियों ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया।
*गरबा मंडलों की बालिकाओं ने बांधा समां*
यात्रा में आगर के विभिन्न गरबा मंडलों की बालिकाओं की सहभागिता विशेष आकर्षण रही। पारंपरिक परिधानों में सजी बालिकाओं ने भक्ति गीतों पर गरबा नृत्य प्रस्तुत कर धार्मिक आयोजन में सांस्कृतिक रंग घोले। उनकी प्रस्तुतियों ने यात्रा को केवल धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित न रखते हुए लोक संस्कृति और सामूहिक उत्सव का स्वरूप दिया।
*मंदिर परिसर में होगा कन्या भोज*
51 मीटर की चुनरी मां तुलजा भवानी को अर्पित करने के साथ यात्रा का धार्मिक उद्देश्य पूर्ण हुआ। आयोजकों के अनुसार, आयोजन के समापन पर गुफा बर्डा मंदिर परिसर में विशाल कन्या भोज भी रखा गया, जिसमें बालिकाओं और श्रद्धालुओं की सहभागिता प्रस्तावित रही।
आस्था की इस परंपरा में धार्मिक विश्वास, सांस्कृतिक अभिव्यक्ति और सामूहिक सहभागिता एक साथ दिखाई दी। जय भवानी ग्रुप की ओर से लगातार आयोजित की जा रही चुनर यात्रा ने एक बार फिर आगर नगर की धार्मिक चेतना और परंपराओं के प्रति लोगों की प्रतिबद्धता को सामने रखा।