आगर-मालवा, 24 अक्टूबर। ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने और उन्नत देशी नस्ल की गायों के पालन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से जिले के दो चयनित वृंदावन ग्रामों में दुग्ध उत्पादन प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। मुख्यमंत्री पशुपालन विकास योजना के घटक गोपाल-कृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के अंतर्गत आगामी सप्ताह सुसनेर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम डोंगरगांव और आगर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम तनोड़िया में दो दिवसीय प्रतियोगिता होगी।
उप संचालक पशुपालन डॉ. महेश जारोलिया ने बताया कि प्रतियोगिता में सर्वश्रेष्ठ दुग्ध उत्पादक गायों का चयन कर उनके पशुपालकों को नकद पुरस्कार दिए जाएंगे। इसमें प्रथम पुरस्कार एक लाख रुपये, द्वितीय पुरस्कार 50 हजार रुपये और तृतीय पुरस्कार 25 हजार रुपये निर्धारित किया गया है।
छह लीटर दूध उत्पादन जरूरी
प्रतियोगिता में सभी वर्गों के पशुपालक भाग ले सकेंगे। इसके लिए पशुपालक के पास भारतीय उन्नत अथवा देशी नस्ल की दुधारू गाय होना आवश्यक है, जिसका दैनिक दुग्ध उत्पादन कम से कम छह लीटर हो। इच्छुक पशुपालकों को निर्धारित आवेदन पत्र के माध्यम से अपने पशु का पंजीयन कराना होगा।
फिलहाल दो गांवों तक सीमित रहेगी योजना
शासन के निर्देशानुसार चालू वर्ष में यह प्रतियोगिता केवल ग्राम डोंगरगांव और तनोड़िया के भौगोलिक क्षेत्र में निवास करने वाले पशुपालकों के लिए आयोजित की जा रही है। आगामी वित्तीय वर्ष 2027-28 से योजना का विस्तार विकासखंड स्तर पर व्यापक पैमाने पर किए जाने का प्रस्ताव है।
जिला प्रशासन ने दोनों वृंदावन ग्रामों के पात्र पशुपालकों से अधिक से अधिक संख्या में पंजीयन कराने और प्रतियोगिता में भाग लेकर योजना का लाभ उठाने की अपील की है।