Vande Bharat Live TV News
देश • राज्य • जिला — खबरें तेज़, साफ और विश्वसनीय तरीके से
Basti

त्योहारी सीजन में खाद्य विभाग की ‘महा-नौटंकी’: क्या दिवाली बीतते ही मिठाइयां विटामिन वाली हो जाती हैं?

04 Nov 2026, 03:07 AM • Vande Bharat Live TV News
📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅
त्योहारी सीजन में खाद्य विभाग की 'महा-नौटंकी': क्या दिवाली बीतते ही मिठाइयां विटामिन वाली हो जाती हैं? - BASTI, उत्तर प्रदेश

अजीत मिश्रा (खोजी)

संपादकीय: त्योहारों पर खाद्य विभाग का ‘ड्रामा’—क्या दिवाली बीतते ही जहरीली मिठाइयां बन जाती हैं ‘विटामिन’ की गोलियां?

  • दीपक बुझते ही ‘अमृत’ बनी जहरीली मिठाइयां? त्योहार खत्म होते ही क्यों सो जाता है खाद्य विभाग!
  • ​मिलावटखोरों का ‘त्योहारी सीजन’ और खाद्य विभाग की नींद: क्या साल के बाकी 10 महीने सुरक्षित रहता है जहर?

​बस्ती/लखनऊ:

त्योहार आते ही उत्तर प्रदेश समेत पूरे देश में खाद्य सुरक्षा विभाग (Food Safety Department) का एक जाना-माना और बासी ड्रामा शुरू हो जाता है। अखबारों की सुर्खियां और टीवी चैनलों के कैमरे अचानक ‘वीरतापूर्ण छापों’ की खबरों से भर जाते हैं। कहीं क्विंटलों के हिसाब से नकली मावा पकड़ा जाता है, तो कहीं केमिकल और सिंथेटिक रंगों से सजी जहरीली मिठाइयां सील कर दी जाती हैं।

​लेकिन, इस पूरे तमाशे को देखकर आम जनता के मन में एक तीखा, चुभता हुआ और बेहद जायज सवाल उठ रहा है: क्या मिलावटखोर सिर्फ त्योहारों का कैलेंडर देखकर अपनी फैक्ट्रियां चलाते हैं? और क्या दिवाली या भाईदूज बीतते ही दुकानों में रखा वही बासी और जहरीला स्टॉक अचानक किसी जादुई चश्मे से ‘विटामिन और प्रोटीन’ से भरपूर अमृत बन जाता है?

​1. साल के 10 महीने गहरी नींद में क्यों रहता है ‘कुंभकर्णी’ विभाग?

​साल के बाकी महीनों में खाद्य विभाग के अधिकारी किस एसी कमरे या गहरी नींद में सोए रहते हैं, यह किसी से छिपा नहीं है। आम दिनों में गलियों से लेकर बड़े बाजारों तक धड़ल्ले से घटिया तेल, सिंथेटिक पनीर, यूरिया मिला दूध और खतरनाक रंगों से बने खाद्य पदार्थ बिकते हैं।

​तब न तो कोई रूटीन सैंपल लिया जाता है और न ही कोई कार्रवाई होती है। लेकिन जैसे ही रक्षाबंधन, दशहरा या दिवाली नजदीक आती है, विभाग अचानक ‘कुंभकर्णी नींद’ से जाग जाता है। यह टाइमिंग चीख-चीखकर कहती है कि यह कार्रवाई जनता की सेहत की फिक्र के लिए नहीं, बल्कि सिर्फ ‘दिखावे’ और कागजों पर ‘टारगेट पूरा करने’ के लिए की जाती है।

​2. छापों की आड़ में ‘वसूली’ का खुला खेल?

​आज की जागरूक जनता पूरी तरह समझ चुकी है कि इस सीजनल सक्रियता के पर्दे के पीछे असल खेल क्या है। त्योहारों के नाम पर दुकानदारों और हलवाइयों पर दबाव बनाकर कथित ‘त्योहारी वसूली’ का बाजार गर्म किया जाता है।

  • ​सेटिंग का खेल: जो दुकानदार विभाग के नुमाइंदों से ‘सेटिंग’ बिठा लेता है, उसकी दुकान का सैंपल रातों-रात ‘पास’ हो जाता है या वहां छापा ही नहीं पड़ता।
  • ​दिखावे की कार्रवाई: जो आनाकानी करता है, कैमरों के सामने उसकी दुकान सील करके अधिकारी अपनी पीठ थपथपा लेते हैं।

​यह जनता के जीवन और स्वास्थ्य के साथ सरेआम खिलवाड़ करने की एक सुनियोजित नौटंकी के सिवा कुछ नहीं है।

​3. त्योहार खत्म, तो क्या ‘जहर’ भी गायब?

​सबसे बड़ा और डरावना मजाक तो त्योहार बीतने के अगले ही दिन से शुरू होता है। जैसे ही त्योहारों का सीजन थमता है, खाद्य विभाग के अधिकारी वापस अपने ठंडे कमरों में दुबक जाते हैं।

​जो दूषित मावा और हानिकारक केमिकल एक दिन पहले तक जनता को कैंसर और पेट की गंभीर बीमारियां बांट रहे थे, क्या वे त्योहार खत्म होते ही हानिरहित हो गए? बाजारों में बचा हुआ बासी और सड़ा हुआ स्टॉक धड़ल्ले से खपाया जाता है, लेकिन तब सुध लेने वाला कोई नहीं होता।

​एक बड़ा सवाल और कड़ा संदेश

​यह कैसी लचर व्यवस्था है जहां नागरिकों को शुद्ध भोजन पाने के लिए भी सरकार के ‘सीजनल ड्रामे’ का इंतजार करना पड़ता है? अगर खाद्य सुरक्षा विभाग वाकई ईमानदार और सजग है, तो यह औचक निरीक्षण साल के 365 दिन लगातार क्यों नहीं चलते?

​जनता की सेहत पर भारी पड़ने वाली इस प्रशासनिक नौटंकी को अब फौरन बंद होना चाहिए। केवल त्योहारों पर कैमरे चमकाने और वाहवाही लूटने के बजाय, मिलावटखोरों के खिलाफ रोजमर्रा की सख्ती और लगातार औचक निरीक्षण की सख्त जरूरत है—ताकि हर नागरिक को साल के हर दिन शुद्ध, पौष्टिक और सुरक्षित भोजन मिल सके।

📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅

🔔 Vande Bharat News Alerts

नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।

संबंधित और ताज़ा खबरें

विंध्य के राजनीतिक पुरोधा स्वर्गीय अर्जुन सिंह का अपमान बर्दाश्त नहीं: नारायण त्रिपाठी
Satna04 Nov

विंध्य के राजनीतिक पुरोधा स्वर्गीय अर्जुन सिंह का अपमान बर्दाश्त नहीं: नारायण त्रिपाठी

धवारी स्टेडियम के नाम परिवर्तन पर पूर्व विधायक ने उठाए सवाल, बोले– राजनीति के चाणक्य थे अर्जुन सिंह,…

पूरी खबर पढ़ें →
वोट चोरी रैली से दूरी पड़ी भारी! युवा कांग्रेस ने मैहर जिलाध्यक्ष सौरव शर्मा ‘लल्ला’ को किया निलंबित*
Maihar04 Nov

वोट चोरी रैली से दूरी पड़ी भारी! युवा कांग्रेस ने मैहर जिलाध्यक्ष सौरव शर्मा ‘लल्ला’ को किया निलंबित*

*मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस की बड़ी संगठनात्मक कार्रवाई, करीब 60 पदाधिकारियों पर गिरी गाज; प्रदेश उपाध्यक्ष से लेकर जिलाध्यक्ष…

पूरी खबर पढ़ें →
ब्रेकिंग न्यूज़: सांकरा–नगरी मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, कार और बाइक की टक्कर में तीन युवक घायल
Dhamtari04 Nov

ब्रेकिंग न्यूज़: सांकरा–नगरी मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, कार और बाइक की टक्कर में तीन युवक घायल

धमतरी /नगरी:- सांकरा–नगरी मार्ग पर कार और बाइक के बीच जोरदार भिड़ंत हो गई। इस सड़क दुर्घटना में…

पूरी खबर पढ़ें →
सेवानिवृत पुलिस कर्मियों को स्मृतिचिन्ह भेंटकर पुलिस अधीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने ससम्मान विदा किया
Guna04 Nov

सेवानिवृत पुलिस कर्मियों को स्मृतिचिन्ह भेंटकर पुलिस अधीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने ससम्मान विदा किया

मध्य्प्रदेश के गुना मे निरीक्षक श्री महबूब खान उप निरीक्षक श्री रविंद्र जेन सहायक उप निरीक्षक श्री शिवकुमार…

पूरी खबर पढ़ें →
आगामी दीपावली व धनतेरस पर्व को लेकर रेवाड़ी पुलिस मुस्तैद: पुलिस अधीक्षक श्री हेमेंद्र कुमार मीणा, आईपीएस के मार्गदर्शन में जिलेभर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद शहरी व ग्रामीण अं
error: Content is protected !!