Vande Bharat Live TV News
देश • राज्य • जिला — खबरें तेज़, साफ और विश्वसनीय तरीके से
उत्तर प्रदेश

बस्ती में ‘मौत’ का खुला बाजार: वर्दी के साये में फल-फूल रहा नशे का काला साम्राज्य

23 Jun 2026, 03:00 PM • Vande Bharat Live TV News
📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅
1782206721349

अजीत मिश्रा (खोजी)

बस्ती: वर्दी के साये में फल-फूल रहा ‘मौत का कारोबार’, हर्रैया में खुला नशे का काला साम्राज्य

  • बस्ती का उजड़ता भविष्य: नशे की भेंट चढ़ रहा बचपन, जिम्मेदारों को नहीं कोई परवाह
  • नशे की दलदल में फंसा हर्रैया, क्या एक पीढ़ी को खत्म कर देगा यह ‘सफेद जहर’?
  • घर-घर दस्तक देता ‘मौत का सौदागर’: बस्ती में सिसकती संवेदनाएं और महकमे की चुप्पी
  • नशे के काले कारोबार का ‘हिसाब’ जब तक न मिले, नहीं खुलती जिम्मेदारों की नींद!
  • हर्रैया में पुलिस-माफिया का ‘अपवित्र गठजोड़’: कार्रवाई के नाम पर केवल कागजी खेल
  • क्या कानून की आंखों पर पट्टी है? बस्ती में खुलेआम बिक रही मौत, और विभाग है खामोश

बस्ती: एक तरफ शासन-प्रशासन अपराध और नशे के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति का ढिंढोरा पीट रहा है, वहीं दूसरी ओर बस्ती जनपद का हर्रैया क्षेत्र नशे के सौदागरों के लिए सुरक्षित स्वर्ग बन चुका है। छावनी, विक्रमजोत, हरैया, चिलमा बाजार और दुबौलिया थाना क्षेत्रों में कच्ची शराब, गांजा, चरस और कोकीन का कारोबार इस कदर हावी है कि अब यह क्षेत्र नशे का ‘मिनी हब’ बनकर रह गया है।

​वर्दी और माफिया का ‘अपवित्र गठजोड़’

​स्थानीय सूत्रों और हालातों पर गौर करें तो यह स्पष्ट है कि बिना स्थानीय पुलिस, आबकारी और प्रवर्तन विभाग की मूक सहमति या संरक्षण के इतने बड़े पैमाने पर ‘मौत का व्यापार’ संभव नहीं है। आरोप लग रहे हैं कि थाना स्तर से लेकर आबकारी दफ्तर तक, जब तक ‘हिसाब’ दुरुस्त नहीं होता, तब तक जिम्मेदारों की नींद नहीं खुलती। ऐसा प्रतीत होता है कि नशा माफियाओं और वर्दीधारियों के बीच एक अलिखित समझौता हो चुका है।

​दिन-दहाड़े परोसी जा रही मौत

​क्षेत्र में हालात यह हैं कि दिन-दहाड़े जहर की पुड़िया और कच्ची शराब की बिक्री की जा रही है। रात होते ही यह धंधा और अधिक तेज हो जाता है। कच्ची शराब की मिनी फैक्ट्रियां जंगलों और गांवों के अंदर बिना किसी डर के संचालित हो रही हैं। हैरानी इस बात पर होती है कि इन क्षेत्रों से गुजरने वाली पुलिस को ये अवैध भट्ठियां और नशा बेचते लोग कभी दिखाई क्यों नहीं देते?

​कागजी कार्रवाई, हकीकत में ‘खानापूर्ति’

​जब भी नशे के खिलाफ कार्रवाई की बात आती है, तो संबंधित विभाग केवल दिखावे के लिए कुछ छोटे-मोटे मामलों में खानापूर्ति कर देते हैं। ये कार्रवाई केवल उच्च अधिकारियों की आंखों में धूल झोंकने तक ही सीमित रहती है। असली माफिया और उनके संरक्षक आज भी कानून की जद से बाहर हैं। भ्रष्टाचार के इस खेल ने महकमे की छवि को शर्मसार कर दिया है।

​क्या टूटेगा इस तिलिस्म का दम?

​सवाल यह है कि इस जहर के साम्राज्य का अंत कब होगा? क्या स्थानीय पुलिस और आबकारी विभाग केवल धन उगाही के लिए ही तैनात हैं? क्षेत्र की जनता अब सवाल कर रही है कि आखिर कब इन नशे के सौदागरों और उन्हें संरक्षण देने वाले भ्रष्ट अधिकारियों पर कानून का चाबुक चलेगा?

​बस्ती की जनता को अब ठोस और प्रभावी कार्रवाई का इंतजार है। यदि समय रहते इस ‘काले साम्राज्य’ को नष्ट नहीं किया गया, तो आने वाली पीढ़ी के हाथ में कलम की जगह नशा होगा, और इसके जिम्मेदार केवल माफिया नहीं, बल्कि वे अधिकारी भी होंगे जो अपनी जेब भरने के लिए इस अपराध को खाद-पानी दे रहे हैं।

सामाजिक पीड़ा: नशे की भेंट चढ़ता हुआ बचपन और उजड़ते घर

यह मामला केवल कानून-व्यवस्था के उल्लंघन का नहीं है, बल्कि यह एक ‘सामाजिक नरसंहार’ जैसा है। हर्रैया और आसपास के क्षेत्रों में जहां यह जहर खुलेआम बिक रहा है, वहां की गलियों में एक मूक चीख सुनाई देती है। किसी मां का जवान बेटा इस नशे की लत के कारण असमय काल के गाल में समा गया, तो किसी घर का चिराग केवल इसलिए बुझ गया क्योंकि उसने नशा खरीदने के लिए घर का सामान तक बेच दिया।

नशे का यह काला कारोबार सीधे तौर पर हमारे परिवारों की रीढ़ को तोड़ रहा है। आज गांव-गांव में युवाओं का एक बड़ा वर्ग नशे की गिरफ्त में है, जिससे अपराध की घटनाएं बढ़ रही हैं और गृहस्थियां उजड़ रही हैं। क्या हमने कभी सोचा है कि जब एक युवा नशे में चूर होकर घर लौटता है, तो उसके परिवार पर क्या बीतती होगी? क्या उस बूढ़े माता-पिता के आंसुओं की कोई कीमत नहीं, जिनके बुढ़ापे का सहारा छीनकर ये माफिया अपनी तिजोरियां भर रहे हैं?

यह नशा केवल शरीर को नहीं, बल्कि बस्ती की आने वाली पीढ़ी के भविष्य और सपनों को भी जला रहा है। यदि एक जिम्मेदार समाज के तौर पर हमने आज इस ‘जहर के साम्राज्य’ के खिलाफ आवाज नहीं उठाई, तो आने वाला कल हमें कभी माफ नहीं करेगा। प्रशासन का मौन और मिलीभगत एक तरफ, लेकिन समाज का यह डरपोक सन्नाटा भी उतने ही अपराधी होने का प्रमाण है।

समय आ गया है कि हम अपनी संवेदनाओं को जगाएं और यह समझें कि जिस नशे की बिक्री पर हम आज चुप हैं, कल वही नशा हमारे अपने घर के दरवाजे पर खड़ा होगा।

📣 शेयर करें: Facebook X Telegram LinkedIn लिंक कॉपी हो गया ✅

🔔 Vande Bharat News Alerts

नई प्रमुख खबरों की browser notification पाने के लिए Subscribe करें।

संबंधित और ताज़ा खबरें

बड़ी खबर | सहारनपुर जिस कोतवाली में तैनात रह चुका था दरोगा, उसी थाने में कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
A2Z सभी खबर सभी जिले की16 Sep

बड़ी खबर | सहारनपुर जिस कोतवाली में तैनात रह चुका था दरोगा, उसी थाने में कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा

सर्राफ की शिकायत में लाखों रुपये के कथित लेनदेन, समझौता कराने के प्रयास और धमकी के आरोप—अदालत के…

पूरी खबर पढ़ें →
बस्ती में महिला सशक्तिकरण की सुगबुगाहट तेज: क्या आगामी विधानसभा चुनाव में पांच में से किसी एक सीट पर दिखेगा महिला नेतृत्व?
Basti16 Sep

बस्ती में महिला सशक्तिकरण की सुगबुगाहट तेज: क्या आगामी विधानसभा चुनाव में पांच में से किसी एक सीट पर दिखेगा महिला नेतृत्व?

बस्ती में महिला सशक्तिकरण की सुगबुगाहट तेज: क्या आगामी विधानसभा चुनाव में पांच में से किसी एक सीट…

पूरी खबर पढ़ें →
अयोध्या में राष्ट्रीय सेवा रत्न सम्मान से सम्मानित हुए शिवम मिश्रा
Shahjahanpur16 Sep

अयोध्या में राष्ट्रीय सेवा रत्न सम्मान से सम्मानित हुए शिवम मिश्रा

अयोध्या में राष्ट्रीय सेवा रत्न सम्मान से सम्मानित हुए शिवम मिश्रा शाहजहांपुर। प्रभु श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या…

पूरी खबर पढ़ें →
*15 सितंबर 2026: दिव्यांगों की 5 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेश के 17 जिलों में जोरदार प्रदर्शन, जिलाधिकारियों को सौंपा ज्ञापन*
Hardoi16 Sep

*15 सितंबर 2026: दिव्यांगों की 5 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेश के 17 जिलों में जोरदार प्रदर्शन, जिलाधिकारियों को सौंपा ज्ञापन*

*प्रेस विज्ञप्ति* *15 सितंबर 2026: दिव्यांगों की 5 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेश के 17 जिलों में जोरदार…

पूरी खबर पढ़ें →
मैलानी में अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई सुआबोझ कॉलोनी में ताबड़तोड़ छापेमारी, 450 किलो लहन नष्ट और 30 लीटर अवैध शराब बरामद
Kheri16 Sep

मैलानी में अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई सुआबोझ कॉलोनी में ताबड़तोड़ छापेमारी, 450 किलो लहन नष्ट और 30 लीटर अवैध शराब बरामद

मैलानी, लखीमपुर खीरी। अवैध शराब के निर्माण एवं कारोबार के खिलाफ आबकारी विभाग ने मंगलवार सुबह सुआबोझ कॉलोनी…

पूरी खबर पढ़ें →
बिजली विभाग मस्त, जनता त्रस्त! शाहाबाद में बिजली की आंख-मिचौली से हाहाकार, रातों की नींद और दिन का सुकून हुआ गायब
Hardoi16 Sep

बिजली विभाग मस्त, जनता त्रस्त! शाहाबाद में बिजली की आंख-मिचौली से हाहाकार, रातों की नींद और दिन का सुकून हुआ गायब

बिजली विभाग मस्त, जनता त्रस्त! शाहाबाद में बिजली की आंख-मिचौली से हाहाकार, रातों की नींद और दिन का…

पूरी खबर पढ़ें →
error: Content is protected !!