पुलिस अधीक्षक रेवाड़ी श्री हेमेंद्र कुमार मीणा, आईपीएस के कुशल निर्देशन में "नशा मुक्त रेवाड़ी" अभियान अंतर्गत रेवाड़ी (सुरेश सिहाग)पुलिस द्वारा नशा मुक्ति और समाजिक जागरूकता की दिशा में निरंतर प्रयास जारी हैं तथा जिला को नशामुक्त बनाने में जुटी है। रेवाड़ी पुलिस की नशा मुक्ति टीम ने शनिवार को गवर्नमेंट कॉलेज गांव खरखड़ा में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया।
इस अवसर पर नशा मुक्ति टीम ने कहा —नशा व्यक्ति के शरीर, परिवार और समाज तीनों का सबसे बड़ा शत्रु है। यह न केवल स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि युवाओं का भविष्य भी अंधकारमय कर देता है। आप सभी विद्यार्थी देश का भविष्य हो । पढ़ाई, खेल और अपने सपनों में ध्यान लगाओ, नशे जैसी बुरी आदतों से हमेशा दूर रहो । अगर गांव या आस-पास कोई भी संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को जानकारी दें ।
नशा मुक्ति टीम ने कहा कि— “नशा शरीर ही नहीं, बल्कि जीवन और समाज के लिए भी जहर है। आज के विद्यार्थी ही कल का भविष्य हैं, इसलिए नशामुक्त और स्वस्थ रहना ही देश की सुरक्षा व प्रगति की गारंटी है।”
उन्होंने युवाओं को “Say Yes to Life, No to Drugs” अभियान से जुड़ने का आह्वान किया व सभी को नशामुक्त रेवाड़ी बनाने में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
इसके साथ ही नशा मुक्ति टीम ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध के खतरों से भी अवगत कराया। उन्होंने बताया कि आजकल अपराधी फोन कॉल, सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से व्यक्तिगत जानकारी जैसे OTP, पासवर्ड आदि हासिल करने की कोशिश करते हैं। ऐसे में सभी को सतर्क रहना चाहिए और किसी भी अनजान व्यक्ति से अपनी निजी जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए।
इस दौरान विद्यार्थियों को यातायात नियमों की भी जानकारी दी और कहा कि सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों का पालन करना जरूरी है। हेलमेट, सीट बेल्ट का प्रयोग और यातायात संकेतों का पालन हमारी सुरक्षा के लिए अनिवार्य है ।
नशा मुक्ती टीम ने अपील करते हुए कहा कि यदि कोई भी असामाजिक तत्व, संदिग्ध व्यक्ति या वाहन दिखाई दे या किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत डायल 112 पर इसकी सूचना दें। उन्होंने कहा कि यदि आपके संज्ञान में कोई व्यक्ति नशा करता है या नशा बेचता है तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। इसके अलावा नशा गतिविधियों की सूचना MANAS हेल्पलाइन नंबर 1933 पर करें। सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाएगा।
पुलिस की इस पहल का सभी ने स्वागत किया और साथ मिलकर "नशा मुक्त रेवाड़ी" का संकल्प लिया। अंत में सभी विद्यार्थियों ने नशा और साइबर अपराधों से दूर रहने की शपथ ली ।