
तेहि छन मध्य राम धनु तोड़ा…” रामायणी दल के मुख से जैसे ही रामचरितमानस की यह पावन चौपाई गूँजी, ठीक शाम 7:30 बजे मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम ने एक सहज झटके में पिनाक (शिवधनुष
तेहि छन मध्य राम धनु तोड़ा..." रामायणी दल के मुख से जैसे ही रामचरितमानस की यह पावन चौपाई…
पूरी खबर पढ़ें →










