

गाँव में उमड़ा उत्साह, युवा शक्ति के जोश ने बढ़ाई सभा की चमक**
ग्राम परशवानी (मदकुद्वीप) रविवार को आध्यात्मिक ऊर्जा और सामाजिक उत्साह से सराबोर हो उठा, जब संगठन विस्तार के क्रम में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। गाँव के प्रमुख कार्यकर्ता, सामाजिक प्रतिनिधि और युवा स्वयंसेवक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। माहौल ऐसा कि जैसे पूरा गाँव एक संकल्प के साथ आगे बढ़ने को तैयार खड़ा हो।
इस आयोजन की सबसे विशेष बात रही — पूज्य श्री रामरूप दास जी की गरिमामयी उपस्थिति, जिनके आगमन के साथ ही वातावरण भक्ति, अनुशासन और सकारात्मकता से भर गया। सभा में सभी ने उनका स्नेहिल आशीर्वाद और विचारपूर्ण मार्गदर्शन प्राप्त किया।
—
**पूज्य श्री रामरूप दास जी का प्रेरक उद्बोधन
“संगठन लड़ाई के लिए नहीं… जागरूकता और सद्भाव के लिए बनता है”**
महाराजश्री ने अपने मुखर और सारगर्भित उद्बोधन में कहा—
> “संगठन का निर्माण किसी से लड़ाई, बदला लेने या भय उत्पन्न करने के लिए नहीं होता। इसका उद्देश्य है— समाज में समरसता लाना, भारतीय जीवन-मूल्यों का प्रचार-प्रसार करना और सकारात्मक जागरूकता को बढ़ाना।”
सभा में उनके ये शब्द देर तक तालियों की गड़गड़ाहट के बीच गूँजते रहे। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से सौहार्द, शांति और सामाजिक सहभागिता के रास्ते पर आगे बढ़ने का आह्वान किया।
—
बैठक के मुख्य विषयों ने खींचा सबका ध्यान
बैठक में सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई—
सामाजिक एवं सांस्कृतिक चुनौतियों के प्रति सजग रहने पर बल
गौ-वंश सेवा एवं संरक्षण को सामूहिक दायित्व मानने का आग्रह
गाँवों में जन-जागरण और सकारात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने का निर्णय
इन विषयों पर उपस्थित कार्यकर्ताओं ने एकमत होकर अपनी सक्रिय भूमिका निभाने का भरोसा दिया।
—
**जिला संयोजक श्री केवल साहू का ऊर्जावान संबोधन
“युवा मजबूत होंगे, तो समाज मजबूत होगा”**
जिला संयोजक श्री केवल साहू ने अपने जोशीले संबोधन में युवाओं को विशेष रूप से प्रेरित किया। उन्होंने कहा—
> “युवा वर्ग को शारीरिक और मानसिक दोनों रूपों से सशक्त होना चाहिए। समाज, धर्म और परिवार— इन तीनों के प्रति संतुलित जिम्मेदारी निभाना ही सच्ची निष्ठा है।”
उन्होंने आगे कहा कि समाज की प्रगति, सुरक्षा और उज्ज्वल भविष्य के लिए युवाओं का अनुशासित, संगठित और जागरूक होना सबसे महत्वपूर्ण है।
—
जिला सह-संयोजक दीपक साहू ने दिया जीवन-शैली पर गहरा संदेश
अपने विचार व्यक्त करते हुए जिला सह-संयोजक दीपक साहू ने कहा कि हर व्यक्ति को अपने जन्म से मिली सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को समझना चाहिए। उन्होंने कहा—
> “यदि हमारा जन्म भारतीय जीवन-पद्धति और हिंदू परंपरा में हुआ है, तो हमें अपने संस्कारों का महत्व समझकर उसे सम्मान देना चाहिए।”
उन्होंने कहा कि समाज में किसी भी तरह की भ्रम की स्थिति न पैदा हो, इसके लिए जागरूकता ही सबसे बड़ा साधन है।
—
कार्यक्रम में प्रमुख उपस्थितियाँ
कार्यक्रम की शान बढ़ाने वाले माननीय अतिथि एवं जिम्मेदार पदाधिकारी—
नारायण यादव — जिला गौ-रक्षा प्रमुख
दुबेश चक्रधारी — भाटापारा प्रखंड संयोजक
ग्राम परशवानी के सरपंच
बजरंग दल के कार्यकर्ता
ग्रामवासियों की बड़ी ऊर्जा-भरी उपस्थिति
सभी ने मिलकर सामाजिक एकता व सांस्कृतिक संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
—
समापन में मिलन-सम्मेलन का माहौल, गाँव में सकारात्मक उत्साह
कार्यक्रम के अंत में गाँव के युवाओं और कार्यकर्ताओं ने वरिष्ठजनों के साथ विचार-विमर्श किया। कई लोगों ने आगे आने वाले महीनों में जन-जागरण, सेवा-कार्य, और सामाजिक गतिविधियाँ शुरू करने का प्रस्ताव रखा। बैठक एक प्रेरक और उत्साही वातावरण में सम्पन्न हुई, जिसने ग्राम परशवानी में सकारात्मक ऊर्जा का नया संचार किया।






