
कटनी, रीठी।। GANESH UPADHYAY VANDE BHARAT LIVE TV NEWS KATNI MP.
महान आध्यात्मिक संत एवं विश्व रत्न आचार्य श्री तारण तरण मंडलाचार्य जी महाराज की 577 वीं जन्म जयंती रीठी जनपद की ग्राम पंचायत बड़गांव सहित आसपास के क्षेत्रों में बड़े ही धूम धाम से मनाई जायेगी। जानकरी देते हुए तारण तरण दिगम्बर जैन समाज बड़गांव के अध्यक्ष कंछेदी लाल गोंटिया ने बताया कि गुरुवार को इस अवसर पर बड़गांव स्थित तारण तरण दिगम्बर जैन मंदिर में सुबह विशेष रूप से बृहद मंदिर विधि का आयोजन किया जायेगा। इसके बाद नगर में प्रभातफेरी निकाली जाएगी।प्रभातफेरी के बाद मंदिर के शिखर पर झंडा फहराकर ध्वज वंदन किया जायेगा। विदित हो कि सोलहवीं शताब्दी में जन्मे विश्व रत्न आचार्य श्री तारण तरण मंडलाचार्य जी महाराज एक महान आध्यात्मिक और क्रांतिकारी संत हैं। जिन्होंने क्रिया कांड और आडम्बर रहित शुद्ध पंथ की स्थापना की थी जिसे तारण पंथ के नाम से जाना जाता है। तारण स्वामी का जन्म कटनी जिले के बिलहरी नगर में हुआ था जो पुष्पावति नगरी के नाम से भी जाना जाता है। बाल्यकाल से ही अद्भुत प्रतिभा के धनी तारण स्वामी की शिक्षा दीक्षा सेमरखेड़ी और सिरोंज में हुई।उन्होंने धर्म के नाम पर हो रहे क्रिया कांड और मिथ्या मान्यताओं का जमकर विरोध किया था। संत तारण स्वामी ने मात्र 11 वर्ष की उम्र में ही सम्यक दर्शन प्राप्त कर शुद्ध मार्ग अपना लिया इसके बाद 21 वर्ष की किशोर अवस्था में आपने आजीवन ब्रम्हचारी व्रत का संकल्प लेकर 30 वर्ष की युवावस्था में सातवीं ब्रह्मचर्य प्रतिमा धारण की थी। धर्म को जाति-पाति के बंधन से मुक्त बताकर प्राणी मात्र के प्रति समान भाव रखते हुए उन्होंने सबको एक सूत्र में पिरोए रखा। 60 वर्ष की उम्र में उन्होंने वीतरागी मुनि दीक्षा धारण की। इस प्रकार धर्म के सत्य मार्ग से विचलित हुए प्राणियों को सन्मार्ग में स्थित करना उनकी आध्यात्मिक क्रान्ति का प्रमुख उद्देश्य था।








