

चैनपुर प्रखंड के सिरसी गांव में पशु स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन
चैनपुर (कैमूर)।
चैनपुर प्रखंड अंतर्गत सिरसी गांव में जीविका प्रखंड परियोजना क्रियान्वयन इकाई एवं जीविका पशुपालन निदेशालय के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय पशु स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य ग्रामीण पशुपालकों को पशुओं के स्वास्थ्य संरक्षण, रोगों की पहचान, समय पर उपचार एवं वैज्ञानिक पशुपालन पद्धतियों के प्रति जागरूक करना था।
शिविर में पशुपालन विशेषज्ञों एवं पशु चिकित्सकों द्वारा पशुओं में होने वाले प्रमुख संक्रामक एवं गैर-संक्रामक रोगों, उनके लक्षण, रोकथाम एवं उपचार की विस्तार से जानकारी दी गई। विशेष रूप से गलघोंटू, खुरपका-मुंहपका, ब्रुसेलोसिस, परजीवी जनित रोगों तथा मौसमी बीमारियों से बचाव के उपायों पर प्रकाश डाला गया।
इस दौरान पशुपालकों को टीकाकरण के महत्व, संतुलित आहार, स्वच्छता, उचित आवास व्यवस्था एवं नियमित स्वास्थ्य जांच की आवश्यकता के बारे में बताया गया। साथ ही दुधारू पशुओं की उत्पादकता बढ़ाने, नवजात पशु देखभाल, कृत्रिम गर्भाधान, तथा पशुओं में पोषण की कमी से होने वाली समस्याओं पर भी विशेषज्ञों ने उपयोगी सुझाव दिए।
शिविर में उपस्थित महिलाओं एवं जीविका स्वयं सहायता समूह की सदस्यों को पशुपालन को आजीविका का सशक्त माध्यम बनाने, सरकारी योजनाओं का लाभ लेने तथा पशुधन बीमा जैसी सुविधाओं की जानकारी दी गई। मौके पर पशुपालकों की समस्याएं सुनी गईं और पशु चिकित्सकों द्वारा त्वरित परामर्श भी प्रदान किया गया।
कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने कहा कि इस तरह के जागरूकता शिविरों से ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन को वैज्ञानिक एवं लाभकारी बनाया जा सकता है, जिससे किसानों एवं पशुपालकों की आय में वृद्धि होगी। शिविर में बड़ी संख्या में स्थानीय पशुपालक, जीविका कर्मी एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
( अफसार आलम की रीपोर्ट)


