

सागर/वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज रिपोर्टर सुशील द्विवेदी 8225072664 * राजनीति की भागदौड़ और जनसेवा की व्यस्ततम दिनचर्या के बीच भी यदि मन में ईश्वर के प्रति अटूट श्रद्धा हो, तो व्यक्ति शांति के मार्ग खोज ही लेता है। कुछ ऐसा ही अनूठा उदाहरण नरयावली विधायक इंजी.प्रदीप लारिया ने पेश किया है। क्षेत्र के हर छोटे-बड़े आयोजन में सक्रिय सहभागिता निभाने वाले लोकप्रिय विधायक नरयावली पहुंचे, जहाँ वे राजनीतिज्ञ नहीं बल्कि एक साधारण श्रद्धालु के रूप में नजर आए। विधायक यहाँ आयोजित संगीतमय रामचरित मानस एवं श्रीमद्भागवत कथा में सम्मिलित हुए। पांडल में पहुँचते ही उन्होंने सबसे पहले व्यासपीठ और कथा वाचक को अत्यंत श्रद्धाभाव से नमन किया। उनके चेहरे पर झलकती सौम्यता और भक्ति भाव ने वहाँ मौजूद हर श्रद्धालु का मन मोह लिया। विधायक लारिया ने कहा कि रामचरित मानस एवं भागवत कथा का श्रवण मनुष्य के जीवन में सकारात्मकता और शांति लाता है। उन्होंने कहा, “धार्मिक आयोजन हमें अपनी संस्कृति से जोड़ते हैं और समाज में सद्भाव का संचार करते हैं।आमतौर पर जनप्रतिनिधि कार्यक्रमों में औपचारिक उपस्थिति दर्ज कराते हैं, लेकिन विधायक लारिया ने एक सच्चे श्रोता की भांति शांत मन और पूर्ण एकाग्रता के साथ भगवान की दिव्य लीलाओं का श्रवण किया। वे काफी समय तक पांडाल में बैठकर भक्ति रस में डूबे रहे। उनके लिए यह क्षण केवल एक कार्यक्रम का हिस्सा नहीं, बल्कि आत्मिक शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त करने का माध्यम था। आज के दौर में जहाँ व्यक्ति समय के अभाव का बहाना बनाकर अपनी जड़ों और आध्यात्म से दूर होता जा रहा है, वहीं एक विधायक का अपनी व्यस्तताओं को किनारे रखकर ईश्वर की शरण में बैठना प्रशंसनीय ही नहीं, बल्कि समाज के अन्य लोगों के लिए एक प्रेरणा भी है। मानवीय संवेदनाएं और आध्यात्मिक शांति ही वह शक्ति है, जो एक जनसेवक को ऊर्जावान बनाए रखती है। इंजी.प्रदीप लारिया की सादगी और अटूट श्रद्धा पूरे क्षेत्र में व्याप्त है।










