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भारतीय किसान एकता (बीकेई) के बैनर तले कल कालांवाली में किसान प्रदर्शन, एसडीएम को सौंपा जाएगा ज्ञापन

रिपोर्टर इन्द्र जीत प्रजापति
स्थान कालावाली
जिला सिरसा
भारतीय किसान एकता (बीकेई) के बैनर तले कल कालांवाली में किसान प्रदर्शन, एसडीएम को सौंपा जाएगा ज्ञापन
कालांवाली, 2 अप्रैल। क्षेत्र में हाल ही में हुई ओलावृष्टि, तूफान और बारिश से फसलों को हुए भारी नुकसान तथा मंडियों में किसानों को आ रही दिक्कतों के विरोध में भारतीय किसान एकता (बीकेई) के आह्वान पर शुक्रवार, 3 अप्रैल को सुबह 10:30 बजे मार्केट कमेटी, पुरानी अनाज मंडी कालांवाली में किसान प्रदर्शन किया जाएगा। संगठन की ओर से माननीय मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन उप मंडल अधिकारी (एसडीएम) कार्यालय कालांवाली को सौंपा जाएगा। यह जानकारी प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख ने दी।
औलख ने बताया कि पिछले दिनों कालांवाली क्षेत्र में आई ओलावृष्टि, तेज आंधी और बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। गेहूं और सरसों सहित कई फसलें खेतों में बिछ गईं, जिससे प्रति एकड़ भारी नुकसान का अनुमान है। उन्होंने मांग की कि राजस्व विभाग, कृषि विभाग और फसल बीमा कंपनी संयुक्त रूप से बिना देरी नुकसान का आकलन करें और किसानों को शीघ्र मुआवजा व बीमा क्लेम दिलाया जाए।
उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा के बाद भी किसानों को फसल बेचने में नई शर्तों और प्रशासनिक अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ रहा है। बायोमेट्रिक (अंगूठा) अनिवार्यता के कारण बुजुर्ग और श्रमिक किसानों को मंडियों में परेशानी हो रही है। बीकेई ने सरकार से यह आदेश तुरंत वापस लेने की मांग की है।
संगठन ने आरोप लगाया कि किसानों के बकाया बीमा क्लेम और मुआवजा लंबे समय से लंबित हैं। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) कालांवाली शाखा द्वारा पिछले एक वर्ष से किसानों की मुआवजा राशि रोके जाने पर भी नाराजगी जताई गई। औलख ने संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई करते हुए किसानों की रुकी पेमेंट तुरंत जारी कराने की मांग उठाई।
इसके अलावा फग्गू मंडी धान खरीद घोटाले में कथित रूप से शामिल डीएम वेयरहाउस, मार्केट कमेटी सचिव कालांवाली और राइस शेलर मालिकों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग भी प्रमुख रूप से उठाई गई है। रबी सीजन के दौरान मंडियों में फसल खरीद, तुलाई और भुगतान की व्यवस्था सुचारु रखने पर भी जोर दिया गया।
बीकेई ने चेतावनी दी है कि यदि किसानों की मांगों पर गंभीरता से कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। संगठन ने क्षेत्र के किसानों और मजदूरों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर प्रदर्शन को सफल बनाएं।

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