

पांढुर्णा:
जिले के ग्राम पेलपार की निवासी श्रीमती छाया सलामे ने स्व सहायता समूह से जुड़कर आत्मनिर्भरता की नई पहचान बनाई है। उन्होंने अपने प्रयास और मेहनत से न केवल स्वयं का जीवन बदला, बल्कि गांव की अन्य महिलाओं को भी रोजगार के लिए प्रेरित किया।
छाया सलामे ने 8 स्व सहायता समूहों का गठन कर महिलाओं को संगठित किया और सचिव के रूप में कार्य करते हुए उन्हें स्वरोजगार से जोड़ने का काम किया। उनकी प्रेरणा से कई महिलाएं पशुपालन, सिलाई, अचार-पापड़ निर्माण तथा अन्य घरेलू उद्योगों से जुड़कर आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं।
स्वयं छाया सलामे मसाले बनाने का व्यवसाय कर रही हैं और उनकी वार्षिक आय लगभग 50 हजार रुपये तक पहुंच गई है। उनके इस प्रयास से गांव में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने की नई दिशा मिली है।
📍 जिला – पांढुर्णा




