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लक्ष्य वेयर हाउस गुडाकला केंद्र मे अनियमिताओं का आरोप

अवैध वसूली और पेमेंट में हीलाहवाली

कटनी

कटनी | गुड़ा कला (विलायतकला) स्थित लक्ष्य वेयर हाउसिंग एंड एग्रो सर्विसिंग केंद्र इन दिनों किसानों और स्थानीय व्यापारियों के बीच गंभीर चर्चाओं का विषय बना हुआ है। केंद्र से जुड़े कार्यों में कथित अनियमितताओं, नियमों की अनदेखी और प्रशासनिक नियंत्रण को लेकर कई सवाल उठाए जा रहे हैं। इन चर्चाओं के केंद्र में केंद्र प्रभारी लखन पटेल की भूमिका बताई जा रही है, जिस पर क्षेत्रीय स्तर पर असंतोष देखा जा रहा है।स्थानीय किसानों का कहना है कि वेयरहाउसिंग और खरीदी केंद्रों का उद्देश्य किसानों को पारदर्शी, नियमसम्मत और समयबद्ध सेवाएं देना होता है, लेकिन गुड़ा कला केंद्र की जमीनी स्थिति इससे अलग बताई जा रही है। आरोप है कि यहां रिकॉर्ड और वास्तविक स्थिति के बीच अंतर दिखाई देता है। कुछ मामलों में ई-उपार्जन पोर्टल में दर्ज जानकारी और मौके पर मौजूद उपज, भूमि या किसान विवरण में मेल न होने की बातें सामने आ रही हैं

किसान संगठनों का आरोप है कि केंद्र पर एक ही भूमि से बार-बार उपज बिक्री, बटाईदार को मालिक दिखाने और खसरों से जुड़ी गड़बड़ियों की आशंका जताई जा रही है। यदि ये आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह मामला केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं बल्कि दस्तावेज़ी कूटरचना की ओर इशारा करता है।

केंद्र पर इलेक्ट्रॉनिक कांटे के नियमित कैलिब्रेशन को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। किसानों का कहना है कि कई बार एक ही ट्रॉली का वजन अलग-अलग दिखाया जाता है। वहीं, बारदाना वितरण और उपयोग में भी पारदर्शिता न होने के आरोप लगाए जा रहे हैं। बारदाना सरकारी संपत्ति होने के कारण इसमें किसी भी तरह की गड़बड़ी गंभीर मानी जाती है।

*अवैध वसूली और भुगतान में देरी के आरोप*

कुछ किसानों ने आरोप लगाया है कि केंद्र पर “एंट्री”, “कटौती” या “सुविधा शुल्क” जैसे नामों से अनौपचारिक भुगतान की मांग की जाती है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टिनहीं हुई है। इसके साथ ही, भुगतान में जानबूझकर देरी कर दबाव बनाने और कुछ किसानों को प्राथमिकता देने की बातें भी सामने आ रही हैं क्षेत्र  यह चर्चा भी है कि केंद्र प्रभारी का केंद्र पर अत्यधिक और लगातार हस्तक्षेप रहता है। किसानों का कहना है कि शिकायत करने पर अक्सर यह संकेत दिया जाता है कि “ऊपर तक बात है”, जिससे वे आगे आवाज उठाने से कतराते हैं। इसी कारण यह धारणा बन रही है कि क्या प्रशासनिक नियंत्रण प्रभावी रूप से लागू हो पा रहा है

कटनी ब्यूरो चीफ

सुरेन्द्र कुमार शर्मा

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