
खजूरी गांव में जर्जर सड़क बनी परेशानी की जड़, गड्ढों में तब्दील मार्ग को लेकर ग्रामीणों का फूटा गुस्सा — जमकर हुई नारेबाजी
दुद्धी/सोनभद्र (राकेश कुमार कन्नौजिया)_
खजूरी गांव की मुख्य सड़क, जो अमवार रोड से होते हुए कम्पोजिट विद्यालय को जोड़ती है और आगे जाबर गांव के राष्ट्रीय राज्य मार्ग एनएच-39 तक जाती है, पूरी तरह से बदहाल हो चुकी है। सड़क पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढों ने यात्रियों का चलना दूभर कर दिया है। बरसों से मरम्मत के नाम पर केवल खानापूर्ति होने से नाराज ग्रामीणों का गुस्सा आखिरकार फूट पड़ा, और उन्होंने शुक्रवार को सड़क पर उतरकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों का कहना है कि कई साल पहले सड़क पर केवल “पेंटिंग” का काम कर इसे ठीक दिखाने की कोशिश की गई, जबकि वास्तविक मरम्मत कभी नहीं की गई। आज स्थित यह है कि सड़क अपनी पहचान खो चुकी है और गड्ढों में तब्दील होकर हादसों को दावत दे रही है। ग्रामीणों ने संबंधित विभागीय अधिकारियों पर उदासीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि दुद्धी तहसील के अधिकारी इस समस्या को नजरअंदाज कर रहे हैं।
पीडब्ल्यूडी ने झाड़ा पल्ला, डूडा विभाग पर डाली जिम्मेदारी
जब ग्रामीणों ने पीडब्ल्यूडी कर्मचारियों से बात की तो उन्होंने साफ कहा कि यह सड़क उनके विभाग के अधीन नहीं आती। उनका कहना था कि इस मार्ग का निर्माण डूडा विभाग द्वारा कराया गया था, इसलिए मरम्मत की जिम्मेदारी भी उसी की है।
एसडीएम दुद्धी निखिल यादव ने दिलाया भरोसा — “सड़क की जांच कराकर जल्द होगा निर्माण”
ग्रामीणों के विरोध के बाद जब उप जिलाधिकारी निखिल यादव से वार्ता की गई तो उन्होंने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि जर्जर सड़क की शीघ्र जांच कराई जाएगी। इसके बाद संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश देकर जल्द से जल्द सड़क का निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा।
विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में जुटे ग्रामीण
प्रदर्शन में प्रमुख रूप से रामवृक्ष गुप्ता, अनुज श्रीवास्तव, आफताब आलम, तिजोर आलम, रजाउल्लाह, मेराज आलम, राजेश गुप्ता, जियाउल्लाह, संतोष भारती, अजय श्रीवास्तव, सुधई राम, सुचित श्रीवास्तव, नरेन्द्र गुप्ता एडवोकेट सहित दर्जनों ग्रामीण मौजूद रहे।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।




