
<img src="https://vandebharatlivetvnews.com/wp-content/uploads/2024/07/IMG-20240710-WA0556-1024×584.jpg" alt="" width="1024" height="584" class="alignnone size-large हजारा, पीलीभीत । शारदा नदी से आये भंयकर सैलाब से समूचा ट्रांस शारदा क्षेत्र जलमग्न हो गया था। पानी का बहाव इतना तेज था कि कई ग्रामीणों के कच्चे व पक्के मकान धराशायी हो गये हैं। इसके अलावा आनाज समेत घरेलू सामान भी बह गया। किसानों की फसलें बर्बाद हो गई हैं। गांव से बाहर आने जाने वाले सभी रास्तों पर जलभराव बना हुआ है जिससे आवागमन अवरुद्ध है। जिसके चलते यहां के गामीणों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन अभी तक शासन प्रशासन की ओर से बाढ़ पीडितों के जख्मों पर मरहम लगाने कोई नहीं पहुंचा है। जिससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है।
पीलीभीत जनपद के विकासखंड पूरनपुर के अर्न्तगत ट्रांस शारदा क्षेत्र के गांव शास्त्रीनगर, हजारा, भरजूनियां फार्म, सिद्धनगर, रामनगर, बहादुर नगर, चंदनगर,बम्मनपुर भगीरथ, राघवपुरी, बाजारघाट, भगवानपुरी, शारदापुरी, टाटरगंज, भरतपुर, अशोक नगर, कबीरगंज समेत तमाम गांवों में शारदा नदी के सैलाब ने विनाश का इस कदर तांडव मचाया की देखकर पैरों तले जमीन खिसक जाये । शास्त्रीनगर की लाल मुन्नी का पक्का माकान व कटरेन का घर गिरकर तहस नहस हो गया है। वहीं जितेन्द्र और निजामुद्दीन के मकान के पास नाला बन गया है। और मकान के नीचे से मिटटी बह गयी है। मकान की दिवारें फट गयी है जो गिरने के कगार पर हैं। शास्त्रीनगर के ही ब्यास बाबू, मुन्नीदेवी का कटरेन का घर और शौचालय गिर गया है। उक्त गांव के ही किस्मती देवी, राजूयादव, कुरेशा समेत दर्जनों लोगों के छप्परपोश घर गिर कर पानी में बह गये हैं। इसके अलावा अनाज, राशन, कपड़े, बर्तन के साथ साथ घरेलू सामान तो सभी लोगों का बह गया है।
अब पानी उतरने के बाद चारों ओर कीचड़ ही कीचड़ और गंदगी फैल गयी है। तथा गांव के सभी रास्ते पानी के तेज बहाव से कट कर नालों के रुप में बदल गये हैं।
इसके अलावा हजारा सिद्धनगर मार्ग पर चार से पांच फिट पानी का बहाव हो रहा है। जिससे यहां के लोगों का आवागमन अवरुद्ध हो गया है।
चारों ओर खेतों में जलभराव होने से पशुओं के चारे की समस्या उत्पन्न हो गयी है। वहीं ग्रामीणों ने कहा कि अभी तक प्रशासनिक अमला बाढ़ पीड़ितों की सुध लेने नहीं पहुंचा हैं। वहीं ट्रांस शारदा क्षेत्र के ऐतिहासिक गुरुद्वारा नानक साहिब खजूरिया सिद्धनगर, भरजूनियां फार्म में स्थापित जानकी देवी खादी ग्रामोद्योग सेवा संस्था, हजारा थाने तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भरतपुर मौरेनियां गांधीनगर में भी चार से पांच फिट तक पानी का भराव हो गया था। दूसरी ओर इंडो नेपाल सीमावर्ती गांव बम्मनपुर भगीरथ के टिल्ला नंबर चार के निवासी अजय की बाढ़ के पानी में डूब जाने से मौत हो गई और एक अन्य व्यक्ति मंगल सिंह लापता हो गया है। जिसकी तलाश जारी है।













