
तेतुलमुड़ी डिनोबली बस्ती 6/10 के समीप कंपनी आवास ध्वस्त व लेवलिंग करने पहुंचे अधिकारी व कर्मी रैयतो के विरोध पर बेरंग लौटा*तेतुलमुड़ी डिनोबली बस्ती 6/10 के समीप कंपनी आवास ध्वस्त व लेवलिंग करने पहुंचे अधिकारी व कर्मी रैयतो के विरोध पर बेरंग लौटा*
तेतुलमुड़ी डिनोबली बस्ती 6/10 के समीप मोदीडीह कोलियरी द्वारा पुराने कंपनी आवास ध्वस्त व लेवलिंग करने पहुंचे अधिकारी व कर्मियो को रैयतो का विरोध का सामना करना पड़ा। रैयतो का भारी विरोध को देखते हए मशीन के साथ अधिकारी व कर्मी बेरंग लौट गए। इधर इनलोगो के लौटनेतक रैयतो ने भी कार्यस्थल पर डटे रहे। मोदीडीह कोलियरी का तेतुलमुड़ी आउटसोर्सिंग पैच विस्तारीकरण में बाधक बन रहे मोदीडीह 6/10 के जर्जर व खाली आवास को धराशायी करने अधिकारी मशीन लेकर पहुंचे। इस बात की जानकारी स्थानीय रैयतो को जब हुई तो सभी मौके पर आ धमके। काफी संख्या में महिला, पुरुष सभी यहां पहुंच विरोध करने लगे। अधिकारियों ने समझाने का काफी प्रयास किया। लेकिन रैयत टस से मस नही हुआ। धीरे धीरे रैयत उग्र होने लगे। अधिकारियों को भला बूरा कहा जाने लगा। नोकझोक को देखते हुए सीआईएसएफ बुलवा लिया गया था रैयतो का विरोध देखते हुए सभी बेरंग लौट गए। रैयतों ने कहा कि उनलोगो को पहले लार एक्ट के तहत मुआवजा दिया जाए। इस दिशा में एफडी बोर्ड में बैत भी चल रही है। इसके विपरीत प्रबंधन जबरदस्ती पर उतर गया है। वर्ष 2021 में पुटकी सीओ, प्रबंधन का रैयतों के साथ बैठक हुई थी। जिसमें उक्त 13 एकड़ 43 डिसमिल रैयती जमीन को ब्लास्टिंग जोन में आने की बात कही गई थी। जिसे शीघ्र खनन करते करते अधिग्रहण करने को कहा गया था। अगर विस्थापित नहीं किया गया तो डीजीएमएस द्वारा ब्लास्टिंग का अनुमति नहीं दिया जाएगा। इस मामले को लेकर दोनों सांसद क्रमशः चंद्रप्रकाश चौधरी व ढुलू महतो को दिया गया है। दोनों ने प्रबंधन को पत्र देकर साकारात्मक पहल करने की बात कही है।
=प्रबंधन के खिलाफ होगा उग्र आंदोलन: विष्णप
रैयत व तेतुलमुड़ी ग्रामीण विस्थापित मोर्चा के विष्णु महतो ने मोदीडीह कोलियरी कार्यालय के समीप प्रेस वार्ता कर बताया कि प्रबंधन द्वारा जबरन मशीन लगाया गया था। इसका पुरजोर विरोध के बाद हटा लिया गया। कहा कि एक बार फिर प्रबंधन इसतरह का प्रयास किया। प्रबंधन यदि अपनी हरकतों से बाज नहीं आती है तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। मौके पर काली महतो,दीपक महतो, अरूण महतो, पुष्पा देवी, कविता देवी, कोमल देवी, शलैश महतो, ओम महतो, बाबूलाल महतो, सुधीर महतो, विकास महतो आदि शामिल थे।
तेतुलमुड़ी डिनोबली बस्ती 6/10 के समीप मोदीडीह कोलियरी द्वारा पुराने कंपनी आवास ध्वस्त व लेवलिंग करने पहुंचे अधिकारी व कर्मियो को रैयतो का विरोध का सामना करना पड़ा। रैयतो का भारी विरोध को देखते हए मशीन के साथ अधिकारी व कर्मी बेरंग लौट गए। इधर इनलोगो के लौटनेतक रैयतो ने भी कार्यस्थल पर डटे रहे। मोदीडीह कोलियरी का तेतुलमुड़ी आउटसोर्सिंग पैच विस्तारीकरण में बाधक बन रहे मोदीडीह 6/10 के जर्जर व खाली आवास को धराशायी करने अधिकारी मशीन लेकर पहुंचे। इस बात की जानकारी स्थानीय रैयतो को जब हुई तो सभी मौके पर आ धमके। काफी संख्या में महिला, पुरुष सभी यहां पहुंच विरोध करने लगे। अधिकारियों ने समझाने का काफी प्रयास किया। लेकिन रैयत टस से मस नही हुआ। धीरे धीरे रैयत उग्र होने लगे। अधिकारियों को भला बूरा कहा जाने लगा। नोकझोक को देखते हुए सीआईएसएफ बुलवा लिया गया था रैयतो का विरोध देखते हुए सभी बेरंग लौट गए। रैयतों ने कहा कि उनलोगो को पहले लार एक्ट के तहत मुआवजा दिया जाए। इस दिशा में एफडी बोर्ड में बैत भी चल रही है। इसके विपरीत प्रबंधन जबरदस्ती पर उतर गया है। वर्ष 2021 में पुटकी सीओ, प्रबंधन का रैयतों के साथ बैठक हुई थी। जिसमें उक्त 13 एकड़ 43 डिसमिल रैयती जमीन को ब्लास्टिंग जोन में आने की बात कही गई थी। जिसे शीघ्र खनन करते करते अधिग्रहण करने को कहा गया था। अगर विस्थापित नहीं किया गया तो डीजीएमएस द्वारा ब्लास्टिंग का अनुमति नहीं दिया जाएगा। इस मामले को लेकर दोनों सांसद क्रमशः चंद्रप्रकाश चौधरी व ढुलू महतो को दिया गया है। दोनों ने प्रबंधन को पत्र देकर साकारात्मक पहल करने की बात कही है।
=प्रबंधन के खिलाफ होगा उग्र आंदोलन: विष्णप
रैयत व तेतुलमुड़ी ग्रामीण विस्थापित मोर्चा के विष्णु महतो ने मोदीडीह कोलियरी कार्यालय के समीप प्रेस वार्ता कर बताया कि प्रबंधन द्वारा जबरन मशीन लगाया गया था। इसका पुरजोर विरोध के बाद हटा लिया गया। कहा कि एक बार फिर प्रबंधन इसतरह का प्रयास किया। प्रबंधन यदि अपनी हरकतों से बाज नहीं आती है तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। मौके पर काली महतो,दीपक महतो, अरूण महतो, पुष्पा देवी, कविता देवी, कोमल देवी, शलैश महतो, ओम महतो, बाबूलाल महतो, सुधीर महतो, विकास महतो आदि शामिल थे।













