
।। वंदेभारतलाइवटीव न्युज, शुक्रवार 24 जुलाई 2026 ।।
छत्तीसगढ–:: प्राप्त हुई जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ प्रदेश सरकार ने भी राज्य में यूसीसी- यूनीफॉर्म सिविल कोड” लागू किए जाने को लेकर प्रक्रिया को तेज कर दिया है। छग राज्य कैबिनेट में यूसीसी के प्रस्ताव को पहले ही मंजूरी मिल चुकी है। छग राज्य के मुख्यमंत्री विषणुदेवसाय जी ने कहा कि सरकार आने वाले शीतकालीन सत्र में यूसीसी विधेयक को विधानसभा में पारित करवायेगी । मालूम हो कि गुजरात, उत्तराखंड, असम , मध्यप्रदेश में यूसीसी लागू होने के बाद अब छत्तीसगढ राज्य मे भा यूसीसी को लागू किए जाने की तैयारी की जा रही है। छग राज्य में यूसीसी विधेयक पारित होने और इसके कानूनी रूप धारण करने के बाद छग देश का पांचवां राज्य बन जायेगा । यूनीफॉर्म सिविल कोड का अर्थ है एक समान नागरीकता , इसका उद्देश्य है विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, गोद लेने, संपत्ति आदि जैसे नागरिक के मामले मे देश के सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून को लागू किया जाना , इसके लिए नागरिकों का धर्म चाहे कोई भी हो। सरकार का कथन है कि यूसीसी से नागरिक कानूनों में एकरूपता आयेगी,न्याय और भी सरल होगा, और लैंगिक समानता को भी बढ़ावा मिलेगा। प्राप्त जानकारी अनुसार आज शुक्रवार 24 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट की पूर्व न्यायधीश जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई जी की अध्यक्षता में समिति की पहली बैठक हुई, और इसके साथ ही यूसीसी का प्रारूप तैयार किए जाने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है । जानकारी अनुसार समिति राज्य के सामाजिक और अन्य पहलुओं का अध्ययन करेगी, और अलग अलग वर्गों, हितधारकों से सुझाव भी लेंगी। जिसके बाद समिति अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी, ईस रिपोर्ट के आधार पर यूसीसी का ड्राफ्ट तैयार किया जायेगा ,इसके बाद आगे की इसकी कानूनी प्रक्रिया शुरू होगी। यूसीसी के प्रारूप को तैयार किए जाने को लेकर सरकार ने पांच सदस्यीय उच्चस्तरीय समिती बनाई है, जिसमें-:: न्यायमूर्ति (सेवानिवृत) रंजना प्रकाश देसाई, – अध्यक्ष, शत्रुघ्न सिंह (सेवानिवृत) आईएस – सदस्य, एमके राउत- सदस्य, मोहन पवार( वरिष्ठ वकील) – सदस्य, ज्योति रानी सिंह ( सेवानिवृत प्रिंसिपल)- सदस्य, शामिल हैं।








