
- छठवें दिन भी गरजा आंदोलन: 6 हजार लोगों ने भरी हुंकार, टाइगर रिजर्व के विरोध समेत 11 सूत्रीय मांगपत्र सौंप
धौलपुर-करौली टाइगर रिजर्व के विरोध में धरना जारी, 11 गांवों के ग्रामीणों ने प्रशासन को दो टूक कहा—मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा शांतिपूर्ण आंदोल
सरमथुरा। धौलपुर-करौली टाइगर रिजर्व के विरोध सहित क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं को लेकर चल रहा धरना छठवें दिन भी पूरे जोश के साथ जारी रहा। बुधवार को धरना स्थल पर 11 गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे। करीब 6 हजार लोगों की मौजूदगी में ग्रामीणों ने अपनी मांगों को लेकर एकजुटता दिखाई और सरकार के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।
धरना स्थल पर प्रशासन की ओर से तहसीलदार भीमाराम, डीएसपी दुलीचंद गुर्जर और सीआई कैलाश चंद पहुंचे। अधिकारियों ने धरना कमेटी एवं ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। इस दौरान कमेटी की ओर से धौलपुर-करौली टाइगर रिजर्व के विरोध सहित 11 सूत्रीय मांगपत्र प्रशासन को सौंपा गया।
कमेटी के पदाधिकारियों ने अधिकारियों को स्पष्ट रूप से अवगत कराया कि क्षेत्र की जनता लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रही है। ग्रामीणों ने कहा कि यह आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण है और जब तक मांगों का समाधान नहीं होता, तब तक धरना लगातार जारी रहेगा।
धरना स्थल पर ग्रामीणों ने टाइगर रिजर्व के कारण रोजगार, पलायन, किसानों और क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। बड़ी संख्या में महिलाओं, युवाओं और ग्रामीणों की मौजूदगी से आंदोलन को व्यापक जनसमर्थन मिलता नजर आया।
तहसीलदार भीमाराम ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि उनकी मांगों को सरकार तक मजबूती से पहुंचाया जाएगा और प्रशासन की ओर से मांगों के समाधान के लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। अधिकारियों के आश्वासन के बाद भी ग्रामीणों ने आंदोलन को जारी रखने की बात कही।
धरना स्थल पर दिनभर ग्रामीणों की भीड़ जुटी रही और ‘मांगें पूरी करो’ तथा ‘टाइगर रिजर्व का विरोध’ जैसे नारों से माहौल गूंजता रहा। छठवें दिन हजारों लोगों की मौजूदगी ने प्रशासन और सरकार के सामने आंदोलन की ताकत का स्पष्ट संदेश दिया।



