
छत्तीसगढ के मुख्यमंत्री विषणुदेवसाय जी सोमवार को गौरेला पेन्ड्रारोड के गांव चुकतीपानी नेवसा पहुंचे। मुख्यमंत्री जी के साथ तीन सीनियर अधिकारी गांव पहुंचे। मुख्यमंत्री विषणुदेवसाय जी इस समय सुशासन तिहार के अंतर्गत गांवों का दौरा कर रहे हैं। आज सोमवार 19 मई को गौरेला पेन्ड्रारोड के अंतर्गत ग्राम चुकतीपानी नेवसा में पहुंच हुए थे। मुख्यमंत्री जी गांव में पहुंचकर ग्रामीणों से सीधा संपर्क कर उनकी समस्याएं सुनी। ग्रामीणजनों ने मुख्यमंत्री जी को मुख्य समस्या पेयजल की बताई। जिस पर मुख्यमंत्री जी ने जल जीवन मिशन की लापरवाही की शिकायत पर गांव के चौपाल मे ही जल संसाधन विभाग के इंजीनियर को फटकार लगाई। छत्तीसगढ सरकार द्वारा चलाए जा रहे सुशासन तिहार के तहत मुख्यमंत्री विषणुदेवसाय जी का हेलीकॉप्टर आज सोमवार को चुकतीपानी नेवसा ग्राम मे उतरा। मुख्यमंत्री जी ने ग्रामीणों के बीच चौपाल लगाई और समस्याएं सुनी। मुख्यमंत्री जी ने चौपाल मे शासकीय योजानाओं से मिल रहे लाभ के बारे में ग्रामीणजनों से पूछताछ की। इस दौरान ग्रामवासियो ने कई समस्याएं बतलाई जिनमे से पेयजल की परेशानी मुख्य रूप से रही। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री जी को बताया कि गांव में कुल 27 हैंडपंप लगे हुए हैं। जिनमे से कई खराब चल रहे है। नलजल योजना भी अधूरी बताई। ग्रामीणों ने बताया कि घरों तक पानी नही पहुंच रहा। जिसे सुनकर मुख्यमंत्री जी नाराज हो गए और मंच पर से ही जल संसाधन विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों को बुलाया । मुख्यमंत्री जी ने जल जीवन मिशन मे लापरवाही तथा पेयजल समस्या पर सब इंजीनियर नारायण सिंह कंवर को बुलाया। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि नलजल योजना प्रधानमंत्री की अति महत्वपूर्ण योजनाओं मे से एक है। इस योजना को यूं ही हल्के मे नही लेना चाहिए। मुख्यमंत्री जी ने नाराज होते हुए सब इंजीनियर से कहा कि आप या तो अपना काम ईमनदारी पूर्वक समय से किजिए या फिर सस्पेंड होने के लिए तैयार रहिए। इसके बाद मुख्यमंत्री जी ने सब इंजीनियर से सख्त लहजे मे “गेट आउट “कहकर वहां से हटवा दिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विषणुदेवसाय जी ने अधिकारियों से कहा कि जनहित संबंधी कार्यों में लापरवाही बिल्कुल भी बर्दाश्त नही किया जायेगा। 








