
“महाराष्ट्र मे जनसुरक्षा विधयक को लेकर बडा असंतोष,वंचित पक्ष के सर्वोसर्वा.प्रकाशजी अंबेडकर जायेंगे कोर्ट।वर्तमान सरकार द्वारा देश मे हुकमशाही की नादी तो नही। ? गौर करने वाली बातें यह है की। सरकारे जनता, जनताके सुरक्षा प्रगती के लीये होती है, नाकी चुनके आनेके बाद अपनी मनमानी चलाने। अपने देश मे कोई विधेयक हो या और देश हीत कार्य जनता की राय बहुत मायने रखती है। जो की लगता है वर्तमान सरकार को गवारां नही। सरकर को जनता ने अपने ओंटोसे जिताया है,उसे कम आखना कहातक सही ठहराया जा सकता है। ? आजकाल सरकार कुछ नियम,विधेयक लाती है वह जनता को पारित होनेके बात पता चलता है। क्या यह ‘लोकतंत्र’ यह सही है। ? यह देश किसीकी जहांगीर नही जो जितने के बाद मणमानी हो। हमारा “लोकतंत्र’विश्वमे आज भी सहराया,माना जाता है।पर क्या वर्तमान सरकार यह सबकुछ जानती नही।?क्या सरकार जनता को धार्मिक नितीयोंमे फसांकर कर्तव्य से भागना चाहती है। ? यह पुरे राज्य के जनता की आवाज है। जो कोई दबा या बंद करना कीसी के बस की बात नही। ईसी जनसुरक्षा विधेयक के विरुद्ध मे डॉ.अंबेडकर साहब के पोते एडं.प्रकाशजी अंबेडकर न्यायलय मे दाद मांगने वाले है।

