
वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज रिपोर्ट

कोटद्वार, (तहसील परिसर)
LUCC कंपनी की कथित धोखाधड़ी से प्रभावित सैकड़ों निवेशकों का रोष थमने का नाम नहीं ले रहा है। अपनी जमा पूंजी वापस न मिलने से त्रस्त पीड़ितों का धरना रविवार को लगातार 143वें दिन भी जारी रहा। पीड़ितों ने दोहराया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक यह आंदोलन अनवरत जारी रहेगा।
धरनास्थल पर आज भी बड़ी संख्या में प्रभावित लोग पहुंचे और कंपनी के संचालक समीर अग्रवाल की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने कंपनी प्रबंधन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि लंबे समय से न्याय की गुहार लगाने के बावजूद प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
पीड़ितों ने बताया कि उनके माध्यम से जुड़े कई निवेशक अब लगातार अपने पैसे वापस मांग रहे हैं। लगातार वित्तीय दबाव की वजह से उनकी मानसिक स्थिति बेहद गंभीर हो चली है। कई लोग तनाव, अवसाद और सामाजिक बदनामी की आशंका से जूझ रहे हैं।
पीड़ितों ने आरोप लगाया कि—
कंपनी ने सपने दिखाकर मोटा निवेश लिया,
निवेशकों को समय पर भुगतान नहीं किया,
और जब शिकायतें बढ़ीं तो संचालक गायब हो गए।
धरने में शामिल लोगों ने सरकार से मांग की कि मामले में विशेष जांच दल (SIT) बनाई जाए और सभी आरोपियों की संपत्तियां जब्त कर पीड़ितों को राहत दिलाई जाए।
आज के धरने में संदीप रावत, वीरेन्द्र रावत, राजेन्द्र भंडारी, कुलवंत सिंह, विजेंद्र रावत, शिवानी नेगी, विनीता रावत, मुकेश बर्तवाल, लक्ष्मण बिष्ट समेत कई अन्य पीड़ित मौजूद रहे।
पीड़ितों का कहना है कि न्याय मिलने तक यह लड़ाई हर परिस्थिति में जारी रहेगी।







