A2Z सभी खबर सभी जिले की

प्रयागराज में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और प्रशासन के बीच टकराव गहराता नजर आ रहा है

IMG 20260121 220913

प्रयागराज।

प्रयागराज में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और प्रशासन के बीच टकराव गहराता नजर आ रहा है। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि उन्हें जारी किया गया नोटिस वापस नहीं लिया गया, तो वे प्रशासन के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर करेंगे। मंगलवार रात करीब 10 बजे उन्होंने अपने प्रतिनिधि के माध्यम से प्रशासन को नोटिस का जवाब सौंपा। इस दौरान उन्होंने प्रशासन पर अहंकारी रवैया अपनाने का आरोप लगाया और कहा कि धार्मिक परंपराओं में हस्तक्षेप स्वीकार नहीं किया जाएगा।

वहीं, इस विवाद पर जगद्गुरु रामभद्राचार्य का बयान सामने आया है, जिसमें उन्होंने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से असहमति जताई है। रामभद्राचार्य ने कहा कि अविमुक्तेश्वरानंद के साथ कोई अन्याय नहीं हुआ है, बल्कि उन्होंने स्वयं नियमों का उल्लंघन किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि गंगा स्नान के लिए पालकी से जाने की कोई परंपरा नहीं है और वे स्वयं भी पैदल ही स्नान के लिए जाते हैं। उनके अनुसार, सरकार द्वारा जारी किया गया नोटिस उचित है और शंकराचार्य होने के दावे से जुड़ी स्थिति स्पष्ट करने के लिए जरूरी था।

इस पूरे घटनाक्रम के बीच स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने धरने के दौरान वहीं पूजा-पाठ भी किया। मामले ने धार्मिक जगत और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज कर दी है, जबकि दोनों पक्ष अपने-अपने तर्कों पर अड़े नजर आ रहे हैं।

[yop_poll id="10"]
Show More
Back to top button
error: Content is protected !!