

भिलाई में वरिष्ठजन कल्याण महासंघ का गठन, घनश्याम कुमार देवांगन सर्वसम्मति से बने संस्थापक अध्यक्ष
भिलाई | वन्दे भारत लाइव टीवी न्यूज
छत्तीसगढ़ के भिलाई में समाजसेवा एवं जनकल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए “वरिष्ठजन कल्याण महासंघ” का गठन किया गया। नेहरू नगर, भिलाई में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में अंचल के प्रबुद्धजनों, शिक्षाविदों, साहित्यकारों, संस्कृति कर्मियों, समाजसेवियों तथा विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े विशिष्ट नागरिकों ने भाग लिया।
बैठक में सर्वसम्मति से वरिष्ठजन कल्याण महासंघ के गठन का निर्णय लिया गया। नवगठित महासंघ को स्वैच्छिक, गैर-राजनीतिक एवं गैर-लाभकारी सामाजिक संस्था के रूप में संचालित करने का निर्णय लिया गया है।
घनश्याम कुमार देवांगन बने संस्थापक अध्यक्ष
बैठक में वरिष्ठ समाजसेवी घनश्याम कुमार देवांगन को सर्वसम्मति से महासंघ का संस्थापक अध्यक्ष निर्वाचित किया गया। वहीं गोपाल प्रसाद तिवारी को महासचिव तथा दिनेश कुमार गुप्ता को कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई।
इसके अलावा प्रसिद्ध विद्वान एवं संस्कृताचार्य आचार्य डॉ. महेशचंद्र शर्मा तथा कला परंपरा के संपादक डॉ. डी.पी. देशमुख को महासंघ का संरक्षक बनाया गया।
बैठक में संस्थापक अध्यक्ष घनश्याम कुमार देवांगन को महासंघ की कार्यकारिणी के गठन, संस्था के संविधान निर्माण, सोसायटी पंजीयन की वैधानिक प्रक्रिया पूरी कराने तथा आवश्यक प्रशासनिक कार्यवाही संचालित करने का अधिकार भी प्रदान किया गया।
वरिष्ठजनों के साथ बच्चों, युवाओं और महिलाओं के लिए भी होगा काम
बैठक में महासंघ के उद्देश्यों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। तय किया गया कि संस्था केवल वरिष्ठजनों के कल्याण तक सीमित न रहकर बच्चों, युवाओं एवं महिलाओं के सर्वांगीण विकास और सशक्तिकरण के लिए भी कार्य करेगी।
महासंघ द्वारा वरिष्ठजनों के सम्मान, स्वास्थ्य, सुरक्षा, सक्रिय सहभागिता एवं खुशहाल जीवन के लिए विभिन्न गतिविधियां संचालित करने की योजना बनाई गई है।
इसके साथ ही सामाजिक समरसता, शिक्षा, साहित्य, संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता, व्यक्तित्व विकास, सेवा कार्य, राष्ट्रीय एकता और अन्य लोकहितकारी गतिविधियों को भी महासंघ के कार्यक्षेत्र में शामिल किया गया है।
जिला दुर्ग से होगी शुरुआत, प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर तक विस्तार का लक्ष्य
बैठक में निर्णय लिया गया कि महासंघ का प्रारंभिक कार्यक्षेत्र जिला दुर्ग रहेगा। भविष्य में आवश्यकता और संगठन की क्षमता के अनुसार इसका विस्तार प्रदेश एवं राष्ट्रीय स्तर तक किया जाएगा।
महासंघ समान विचारधारा एवं समान उद्देश्यों के साथ कार्य कर रही सामाजिक संस्थाओं को अपने साथ संबद्धता प्रदान करेगा। इसके माध्यम से व्यापक सामाजिक समन्वय, जनभागीदारी और सामाजिक सेवा के लिए एक मजबूत मंच तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।
महासंघ को बताया दूरदर्शी और समाजोपयोगी पहल
इस अवसर पर आचार्य डॉ. महेश चंद्र शर्मा ने नवगठित वरिष्ठजन कल्याण महासंघ को दूरदर्शी एवं समाजोपयोगी पहल बताया। उन्होंने उम्मीद जताई कि महासंघ वरिष्ठजनों के सम्मान, सुरक्षा, सक्रियता और खुशहाल जीवन के साथ समाजसेवा के क्षेत्र में एक आदर्श संस्था के रूप में अपनी पहचान बनाएगा।
वहीं डॉ. डी.पी. देशमुख ने भी महासंघ के गठन की सराहना करते हुए कहा कि संस्था वरिष्ठजनों के साथ-साथ बच्चों, युवाओं एवं महिलाओं के कल्याण और खुशहाली के लिए कार्य करेगी।
संस्थापक सदस्यों ने व्यक्त किया पूर्ण समर्थन
बैठक में संस्थापक सदस्यों आचार्य डॉ. महेश चंद्र शर्मा, डॉ. डी.पी. देशमुख, दिनेश कुमार गुप्ता, गोपाल प्रसाद तिवारी, कांतिलाल विश्वकर्मा, आर.पी. वार्ष्णेय, धानेश्वर कुमार निर्मल, एल.एन. मौर्य, जोसफ, हुकुमचंद देवांगन, छाया विश्वकर्मा एवं सुमन देवांगन सहित अन्य सदस्यों ने महासंघ के उद्देश्यों के प्रति पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।
सभी संस्थापक सदस्यों ने इसे समाजहित में एक महत्वपूर्ण एवं ऐतिहासिक पहल बताते हुए संगठन को मजबूती देने का संकल्प लिया।
बैठक के दौरान नव निर्वाचित पदाधिकारियों एवं संरक्षकों का सम्मान किया गया। कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन नवनियुक्त महासचिव गोपाल प्रसाद तिवारी ने किया। इस दौरान गायक जोसफ ने सुमधुर गीत प्रस्तुत कर कार्यक्रम में सांस्कृतिक रंग भर दिया।
एक नजर में नवगठित महासंघ के प्रमुख पदाधिकारी
| पद | नाम |
|---|---|
| संस्थापक अध्यक्ष | घनश्याम कुमार देवांगन |
| महासचिव | गोपाल प्रसाद तिवारी |
| कोषाध्यक्ष | दिनेश कुमार गुप्ता |
| संरक्षक | आचार्य डॉ. महेशचंद्र शर्मा |
| संरक्षक | डॉ. डी.पी. देशमुख |


भिलाई। अंचल के प्रतिष्ठित प्रबुद्ध जनों, शिक्षाविदों, साहित्यकारों, संस्कृति कर्मियों, समाजसेवियों एवं विभिन्न क्षेत्रों के विशिष्ट नागरिकों की महत्वपूर्ण बैठक नेहरू नगर, भिलाई में संपन्न हुई। बैठक में सर्वसम्मति से “वरिष्ठजन कल्याण महासंघ” का गठन किया गया। यह महासंघ एक स्वैच्छिक, गैर-राजनीतिक एवं गैर-लाभकारी सामाजिक संस्था के रूप में कार्य करेगा तथा वरिष्ठजनों सहित समाज के सभी आयु वर्गों के बच्चों, युवाओं एवं महिलाओं के सर्वांगीण विकास, जनसेवा एवं जनकल्याण के लिए समर्पित होकर कार्य करेगा।
बैठक में वरिष्ठ समाजसेवी घनश्याम कुमार देवांगन को सर्वसम्मति से महासंघ का संस्थापक अध्यक्ष निर्वाचित किया गया। साथ ही गोपाल प्रसाद तिवारी को महासचिव एवं दिनेश कुमार गुप्ता को कोषाध्यक्ष के पद पर नियुक्त किया गया। प्रसिद्ध विद्वान एवं संस्कृताचार्य डॉ. महेशचंद्र शर्मा एवं कला परंपरा के संपादक डॉ. डी. पी. देशमुख को महासंघ का संरक्षक बनाया गया। बैठक में अध्यक्ष घनश्याम देवांगन को कार्यकारिणी के गठन, संस्था के संविधान का निर्माण, सोसायटी पंजीयन की समस्त वैधानिक प्रक्रिया पूर्ण कराने तथा आवश्यक प्रशासनिक कार्यवाहियों के संचालन का अधिकार प्रदान किया गया।

बैठक में महासंघ के उद्देश्यों पर विस्तार से विचार-विमर्श करते हुए निर्णय लिया गया कि संस्था वरिष्ठजनों के साथ ही बच्चों, युवाओं एवं महिलाओं के कल्याण एवं सशक्तिकरण के लिए कार्य करेगा। सम्मान, स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं सक्रिय सहभागिता के साथ-साथ सामाजिक समरसता, शिक्षा, साहित्य, संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता, व्यक्तित्व विकास, सेवा कार्यों, राष्ट्रीय एकता तथा अन्य लोकहितकारी गतिविधियों का नियमित संचालन करेगी।
यह भी निर्णय लिया गया कि महासंघ का प्रारंभिक कार्यक्षेत्र जिला दुर्ग रहेगा, जिसे आवश्यकता अनुसार प्रदेश एवं राष्ट्रीय स्तर तक विस्तारित किया जाएगा। समान विचारधारा एवं उद्देश्यों वाली संस्थाओं को महासंघ से संबद्धता प्रदान कर व्यापक सामाजिक समन्वय एवं जनभागीदारी को बढ़ावा दिया जाएगा।
आचार्य डॉ महेश चन्द्र शर्मा ने नवगठित “वरिष्ठजन कल्याण महासंघ” को एक दूरदर्शी एवं समाजोपयोगी पहल बताया। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह संगठन वरिष्ठजनों के सम्मान, सुरक्षा, सक्रिय खुशहाल जीवन और समाज सेवा के क्षेत्र में एक आदर्श संस्था के रूप में स्थापित होगा।
कला परंपरा के संपादक डॉ डी.पी. देशमुख ने प्रशंसा करते हुए कहा कि नवगठित महासंघ वरिष्ठजनों के साथ ही बच्चों, युवाओं एवं महिलाओं के कल्याण एवं खुशहाली के लिए कार्य करेगा।
बैठक में संस्थापक सदस्य आचार्य डॉ. महेश चंद्र शर्मा, डॉ. डी.पी. देशमुख, दिनेश कुमार गुप्ता, गोपाल प्रसाद तिवारी, कांतिलाल विश्वकर्मा, आर. पी. वार्ष्णेय, धानेश्वर कुमार निर्मल, एल.एन. मौर्य, जोसफ, हुकुमचंद देवांगन, छाया विश्वकर्मा तथा सुमन देवांगन सहित सभी संस्थापक सदस्यों ने महासंघ के उद्देश्यों के प्रति पूर्ण समर्थन व्यक्त करते हुए इसे समाजहित में एक ऐतिहासिक पहल बताया। बैठक में नवनिर्वाचित पदाधिकारियों एवं संरक्षकों का सम्मान किया गया। आभार प्रदर्शन नवनियुक्त महासचिव गोपाल प्रसाद तिवारी ने किया। गायक जोसफ ने सुमधुर गीत प्रस्तुत कर समां बांधा।







