
अयोध्या
कुमारगंज थाना क्षेत्र में मारपीट और जानलेवा हमले का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। हिस्ट्रीशीटर अपराधी एवं उसके साथियों द्वारा एक ब्राह्मण परिवार के घर पर चढ़कर तोड़फोड़ करते हुए महिला, बच्चों एवं परिवार के लोगों की बर्बरता पूर्वक पिटाई किए जाने के मामले में शिकायत करना पीड़ित परिवार को महंगा पड़ गया है। मामला जिले के प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही सहित स्थानीय विधायक चंद्रभानु पासवान एवं पूर्व विधायक इंद्र प्रताप तिवारी खब्बू के संज्ञान में आने तथा एसएसपी के आदेश के बावजूद भी मुकदमा नहीं दर्ज किया गया, जिसका परिणाम रहा की मनबढ़ और बेंदाज हिस्ट्रीशीटर ने अपने गुर्गों के साथ मिलकर महिला के बेटे पर प्राण घातक हमला कर दिया। उधुई पूरे विंध्या पांडे गांव निवासी शीतला प्रकाश पाण्डेय ने आरोप लगाया है कि 21 मई की शाम करीब पांच बजे वह घर पर खाना खा रहे थे, तभी खंडासा थाना क्षेत्र के अंजरौली पूरे बेसिया गांव निवासी हिस्ट्रीशीटर रोहन सिंह अपने साथियों के साथ पहुंचा और हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार 22 मई को कुमारगंज थाने में शिकायत देने के बावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। उसी रात आरोपियों ने फिर घर पर हमला कर ईंट-गुम्मों से चद्दर तोड़ी, गाली-गलौज की और फायरिंग करते हुए जान से मारने की धमकी दी। शीतल प्रकाश का कहना है कि पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बजाय यह कहकर टाल दिया कि बड़े साहब छुट्टी पर हैं, उनके आने पर कार्रवाई होगी। पीड़ित ने कुमारगंज पुलिस की कार्यशैली से नाराज होकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अयोध्यासे भी शिकायत की, जहां मुकदमा दर्ज किए जाने का आदेश भी हुआ।
इसके बाद पीड़ित परिवार ने 24 मई को एक कार्यक्रम के दौरान प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, गोसाईगंज विधायक चंद्रभानु पासवान और पूर्व विधायक इंद्र प्रताप उर्फ खब्बू तिवारी से मिलकर न्याय की गुहार लगाई। परिजनों का आरोप है कि नेताओं के निर्देश के बावजूद पुलिस ने आरोपियों पर कार्रवाई नहीं की। परिवार का कहना है कि शिकायत के बाद भी पुलिस मूकदर्शक बनी रही। जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद हो गए। सबसे मजे की बात तो यह है कि सीओ मिल्कीपुर, थानाध्यक्ष कुमारगंज के साथ पीड़ित के घर से जांच कर थाने वापस लौटे ही थे कि बीते 26 मई की ही शाम पीड़ित के 16 वर्षीय बेटे शिवम पाण्डेय पर जानलेवा हमला कर दिया गया। शिवम की मां नीलम पाण्डेय के मुताबिक, शिवम उधुई गांव से घर लौट रहा था, तभी उधुई मोड़ के पास तीन मोटरसाइकिलों पर सवार नौ लोगों ने उसे घेर लिया। आरोप है कि रोहन सिंह के इशारे पर हिमांशु और अन्य साथियों ने शिवम को जमीन पर गिराकर गला दबाया और बेरहमी से पीटा। शोर सुनकर ग्रामीण दौड़े तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। घटना के बाद परिजनों में दहशत का माहौल है। कुमारगंज पुलिस ने नीलम पाण्डेय की तहरीर पर रोहन सिंह, हिमांशु और चार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। हालांकि अब तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।ग्रामीण पुलिस अधीक्षक बलवंत चौधरी ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कुमारगंज थाने की दो टीमों और एसओजी को लगाया गया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा। पुलिस का दावा है कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। ग्रामीणों ने पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।











