

हथबंद क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गोरदी में पावन पर्व महाशिवरात्रि के अवसर पर प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी भव्य मेला–मड़ई का आयोजन अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ संपन्न हुआ। पूरा ग्राम शिवमय हो उठा और वातावरण “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंजायमान रहा।
यह पवित्र आयोजन स्वर्गीय भूषण साहू की पुण्य स्मृति में स्थापित शिवलिंग परिसर में संपन्न हुआ, जहाँ श्रद्धालुओं ने विधि-विधानपूर्वक भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर पुण्य लाभ अर्जित किया। प्रातःकाल से ही मंदिर परिसर में भक्तों की लंबी कतारें लग गईं। श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक एवं रुद्राभिषेक कर भगवान भोलेनाथ से सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना की।
श्रद्धा और सेवा का अद्भुत समन्वय
मेला–मड़ई के आयोजन में ग्रामवासियों की व्यापक सहभागिता देखने को मिली। आयोजन समिति के प्रमुख सदस्यों में जीवलाल साहू, गोपाल साहू (टेंट), टेकराम साहू, दुर्गेश साहू, अश्वनी यदु तथा ग्राम पंचायत सरपंच सरोज साहू की विशेष भूमिका रही। इसके अतिरिक्त चुकेश साहू, डॉ. राजूलाल साहू एवं हृदय साहू ने भी तन-मन-धन से सहयोग प्रदान कर आयोजन को सफल बनाने में अहम योगदान दिया।
व्यवस्थाओं एवं संचालन में कमलेश यदु, परदेशीराम यदु, सूरज यदु और संजय यदु सहित अन्य सहयोगियों ने पूरी निष्ठा से जिम्मेदारी निभाई। वहीं भगवानराम राजा यदु, दौलत यदु, दयाराम यदु एवं कृष्णा यदु की गरिमामयी उपस्थिति ने आयोजन की शोभा बढ़ाई। कार्यक्रम में जिला सदस्य ईशन वैष्णव की विशेष उपस्थिति ने आयोजन को और भी गरिमा प्रदान की।
भक्ति रस में डूबा पूरा ग्राम
महाशिवरात्रि के इस पावन अवसर पर संध्या समय विशेष आरती एवं भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालु देर रात तक भक्ति रस में डूबे रहे। मंदिर परिसर को आकर्षक विद्युत सज्जा एवं पारंपरिक सजावट से सुसज्जित किया गया था, जिससे पूरा वातावरण अलौकिक प्रतीत हो रहा था।
मेला–मड़ई में ग्रामीण संस्कृति की झलक भी देखने को मिली। विभिन्न दुकानों, झूलों एवं प्रसाद वितरण की व्यवस्था से बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने दर्शन कर प्रसाद ग्रहण किया और आयोजन की सराहना की।
अनुशासन और श्रद्धा का आदर्श उदाहरण
पूरे कार्यक्रम के दौरान शांति, अनुशासन और सौहार्द का वातावरण बना रहा। ग्रामवासियों ने सामूहिक रूप से व्यवस्था संभालकर यह सिद्ध किया कि धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता का अद्भुत समन्वय ही ऐसे आयोजनों की सफलता का आधार है।
सफल आयोजन पर ग्रामवासियों ने सभी आयोजकों एवं सहयोगियों के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी इसी प्रकार के धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों के निरंतर आयोजन की कामना की।
ग्राम गोरदी की यह शिवभक्ति न केवल आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक एकता का प्रेरणादायी उदाहरण भी प्रस्तुत कर गई।
हर-हर महादेव!





