

प्रधान जिला जनगणना पदाधिकारी सह उपायुक्त श्री आदित्य रंजन के निर्देशानुसार जनगणना 2027 के अंतर्गत जिला जनगणना हस्तपुस्तिका के निर्माण के लिए धनबाद जिले के चार्ज पदाधिकारियों का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम बुधवार को बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल यूनिवर्सिटी में आयोजित किया गया।
प्रशिक्षण का उद्देश्य चार्ज पदाधिकारियों एवं क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं को डीसीएचबी के क्षेत्रीय कार्य, डिजिटल डेटा संकलन एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन के लिए दक्ष बनाना था। कार्यक्रम का शुभारंभ स्टेट मास्टर ट्रेनर श्री पुष्कर चंद्र झा द्वारा प्रतिभागियों के परिचय सत्र के साथ किया गया।
उन्होंने जिला जनगणना हस्तपुस्तिका के महत्व एवं उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह प्रकाशन जिले के ग्राम एवं नगर स्तर की सामाजिक, आर्थिक तथा आधारभूत संरचना संबंधी प्रामाणिक सूचनाओं का महत्वपूर्ण दस्तावेज है, जो विकास योजनाओं, प्रशासनिक निर्णयों एवं नीति-निर्माण का आधार बनता है। उन्होंने सभी प्रतिभागियों से प्रशिक्षण के प्रत्येक बिंदु को गंभीरतापूर्वक समझते हुए क्षेत्रीय कार्य को पूर्ण शुद्धता, समयबद्धता एवं उत्तरदायित्व के साथ संपन्न करने का आह्वान किया।
इसके उपरांत सहायक सांख्यिकी पदाधिकारी सह उप-जिला जनगणना पदाधिकारी श्री राजीव कुमार ने प्रशिक्षणार्थियों को धरातल स्तर पर किए जाने वाले कार्यों की रूपरेखा से अवगत कराया। उन्होंने ग्राम एवं नगर स्तर पर सूचनाओं के संकलन, विभिन्न विभागों से समन्वय, स्थानीय स्तर पर सत्यापन तथा समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण डेटा संकलन की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि प्रत्येक अधिकारी की सक्रिय भूमिका जिला जनगणना हस्तपुस्तिका की गुणवत्ता सुनिश्चित करेगी।
प्रशिक्षण के मुख्य तकनीकी सत्र का संचालन झारखंड जनगणना निदेशालय, रांची से पधारे राष्ट्रीय स्तर के मास्टर ट्रेनर श्री मुरारी मोहन (सहायक निदेशक) ने किया। उन्होंने जिला जनगणना हस्तपुस्तिका की पृष्ठभूमि, उद्देश्य, क्षेत्रीय कार्य की समय-सारिणी, डीसीएचबी वेब पोर्टल, मोबाइल ऐप, उपयोगकर्ता प्रबंधन, ग्राम एवं नगर आवंटन, अनुमोदन प्रक्रिया, अनुसूची भरने की विधि, डेटा सत्यापन, गुणवत्ता नियंत्रण, सुरक्षा एवं गोपनीयता सहित प्रशिक्षण मॉड्यूल के प्रमुख विषयों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से कहा कि प्रत्येक प्रविष्टि संदर्भ तिथि के अनुरूप, सत्यापित एवं त्रुटिरहित होनी चाहिए तथा डेटा की गुणवत्ता को कार्य की गति से अधिक प्राथमिकता दी जानी चाहिए ।
इस अवसर पर बाघमारा के प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं चार्ज पदाधिकारी श्री लक्ष्मण प्रसाद यादव, धनबाद सदर के प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं चार्ज पदाधिकारी श्री विकास आनंद ने इसके महत्व पर प्रकाश डाला।
प्रशिक्षण के दौरान राष्ट्रीय स्तर के मास्टर ट्रेनर श्री रवि कुजूर एवं जनगणना प्रकोष्ठ के श्री कुलदीप जी ने डीसीएचबी पोर्टल एवं मोबाइल ऐप के संचालन, डेटा प्रविष्टि, सिंक्रोनाइजेशन, रिपोर्ट निर्माण तथा तकनीकी समस्याओं के समाधान से संबंधित व्यावहारिक प्रशिक्षण एवं तकनीकी सहायता प्रदान की।
प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को डीसीएचबी के क्षेत्रीय कार्य की समय-सीमा, डिजिटल डेटा संग्रहण प्रणाली, ग्राम एवं नगर निर्देशिका की अनुसूचियों के संधारण, वर्ष 2011 के उपलब्ध आँकड़ों के साथ आवश्यक सत्यापन, डेटा गुणवत्ता परीक्षण, अनुमोदन प्रक्रिया, रिपोर्ट निर्माण तथा डेटा सुरक्षा एवं गोपनीयता संबंधी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के सफल संचालन एवं समुचित व्यवस्थापन में श्री देवेंद्र सिंह एवं श्री नीरज कुमार प्रसाद की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

