
अंकित बालियान हत्याकांड में बड़ी कार्रवाई, मुठभेड़ में दो शूटर ढेर; दो पुलिसकर्मी घायल
शामली। हरियाणवी लोकगायक एवं यूट्यूबर अंकित बालियान हत्याकांड में सोमवार सुबह पुलिस को बड़ी सफलता मिलने का दावा किया गया है। औद्योगिक क्षेत्र में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में हत्याकांड में शामिल बताए जा रहे दो शार्प शूटर सुमित और मोहित मारे गए। दोनों आरोपी सोनीपत के रहने वाले बताए जा रहे हैं और पुलिस के अनुसार उनका संबंध गोगी गैंग से था। दोनों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।


मुठभेड़ के दौरान बदमाशों की गोली लगने से एसओजी के मुख्य आरक्षी हरविंदर और प्रदीप भी घायल हो गए। दोनों घायल पुलिसकर्मियों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल दोनों बदमाशों को भी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हत्या के बाद लगातार तलाश में जुटी थी पुलिस
पुलिस के अनुसार, अंकित बालियान की हत्या के बाद वारदात में शामिल बताए जा रहे शूटर बागपत के रास्ते लोनी की ओर फरार हुए थे। पुलिस टीमों ने घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ ही अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की थी।
बताया गया कि पुलिस को आरोपियों की गतिविधियों के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिले थे। इसी आधार पर पुलिस टीमें लगातार उनकी लोकेशन और संभावित ठिकानों पर नजर रख रही थीं।

औद्योगिक क्षेत्र में घेराबंदी के बाद मुठभेड़
सोमवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि दोनों शूटर औद्योगिक क्षेत्र से होते हुए सोनीपत की ओर जाने का प्रयास कर रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने इलाके में घेराबंदी कर संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया। पुलिस के मुताबिक, खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। मुठभेड़ में दोनों बदमाश गोली लगने से घायल हो गए। पुलिस ने उन्हें तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटनास्थल से पुलिस ने हथियार और अन्य सामान बरामद किए हैं। बरामद सामान की जांच की जा रही है।
चार शूटर शामिल होने का पुलिस का दावा
पुलिस की अब तक की जांच में सामने आया है कि अंकित बालियान हत्याकांड को अंजाम देने में कथित तौर पर चार शूटर शामिल थे। इनमें सुमित और मोहित मुठभेड़ में मारे जा चुके हैं, जबकि सत्यम और आर्यन की तलाश पुलिस द्वारा की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद शूटर कांधला की तरफ से फरार हुए थे। इसी दौरान उन्होंने रास्ते में कपड़े बदले और एक बैग कांधला में छोड़ दिया था। पुलिस का दावा है कि सोमवार को सुमित और मोहित उसी बैग को लेने के लिए औद्योगिक क्षेत्र की तरफ पहुंचे थे। जांच में बैग में रुपये होने की बात भी सामने आई है। पुलिस अब इस बैग और उसमें मिले सामान की भी जांच कर रही है।
हत्या की साजिश और पूरे नेटवर्क की जांच
हत्याकांड की जांच अब केवल शूटरों तक सीमित नहीं है, बल्कि पुलिस कथित तौर पर इसके पीछे जुड़े पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है। पुलिस अंकित की गाड़ी में GPS लगाए जाने के मामले की भी जांच कर रही है। इसके अलावा 20 अगस्त को सुमित और मोहित के सूर्या होटल में ठहरने, वहां से संबंधित रिकॉर्ड तथा QR कोड के माध्यम से किए गए भुगतान की जानकारी भी खंगाली जा रही है। पुलिस सोशल मीडिया पर सामने आए कथित धमकी भरे पोस्ट की भी जांच कर रही है। साथ ही गोगी गैंग के अलावा पंपू और इक्का गैंग से जुड़े बताए जा रहे लोगों के साथ आरोपियों के संपर्कों की जानकारी जुटाई जा रही है।
50 से अधिक संदिग्धों की गतिविधियां जांच के दायरे में
पुलिस के अनुसार, हत्याकांड की जांच के दौरान 50 से अधिक संदिग्ध लोगों की सोशल मीडिया गतिविधियों, मोबाइल नंबरों और आपसी संपर्कों को खंगाला जा रहा है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अंकित की हत्या की साजिश किस स्तर पर तैयार की गई और वारदात को अंजाम देने वाले आरोपियों को किस-किस व्यक्ति से मदद मिली। मुठभेड़ में दो कथित शूटरों के मारे जाने के बाद पुलिस के सामने अब फरार बताए जा रहे सत्यम और आर्यन को पकड़ने की चुनौती है। पुलिस टीमें दोनों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।







