
संवाददाता अखिलेश विश्वकर्मा ✅। गढ़वा। भवनाथपुर और केतार प्रखंड क्षेत्र में महिलाओं को लोन दिलाने के नाम पर उज्जवल कैपिटल प्राइवेट लिमिटेड द्वारा कथित रूप से लाखों रुपये की ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। बुधवार को बड़ी संख्या में महिलाएं कर्पूरी चौक के समीप स्थित कंपनी के कार्यालय पहुंचीं और जमा राशि वापस करने की मांग को लेकर हंगामा किया। महिलाओं का आरोप है कि लोन देने से पहले सिलाई मशीन, कूलर, फ्रिज, मिक्सी सहित अन्य सामान उपलब्ध कराने की बात कहकर उनसे नकद राशि ली गई, लेकिन निर्धारित समय पर सामान नहीं दिया गया।

अलग-अलग महिलाओं से ली गई रकम

महिलाओं के अनुसार, सिघिताली की रजमतिया देवी से 6,300 रुपये, लालो देवी, लालती देवी, मिला देवी, बिमला देवी और कांति देवी से 4-4 हजार रुपये, आरती देवी से 6,300 रुपये लिए गए। वहीं केतार की नुरेशा बानो से 4 हजार रुपये, तबसुन आरा से 5,500 रुपये और गीता देवी से 6,300 रुपये लिए जाने का आरोप है।

इसके अलावा लोहरगाड़ा की कौशल्या देवी, झगराखांड के धर्मेंद्र कुमार से 7 हजार रुपये तथा विजय राम से 4,600 रुपये लिए जाने की बात सामने आई है। महिलाओं का आरोप है कि इसी तरह भवनाथपुर और केतार प्रखंड के विभिन्न गांवों की सैकड़ों महिलाओं से पैसे लिए गए।
सामान नहीं मिलने पर कार्यालय पहुंचीं महिलाएं
महिलाओं के मुताबिक, बुधवार को उन्हें सामान देने का आश्वासन दिया गया था। जब सामान नहीं मिला तो बड़ी संख्या में महिलाएं कंपनी के कार्यालय पहुंचीं और अपनी जमा रकम वापस करने की मांग करने लगीं। हंगामे के कारण मौके पर काफी देर तक अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही।
महिलाओं ने पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की।
पुलिस ने दो लोगों को थाने ले जाकर पूछताछ की
हंगामे की सूचना मिलने पर भवनाथपुर थाना प्रभारी रंजनी रंजन मौके पर पहुंचीं और कंपनी से जुड़े बताए जा रहे राहुल कुमार और रणबीर सिंह को पूछताछ के लिए थाने ले गईं। थाना प्रभारी के अनुसार, उस समय किसी ने दोनों के खिलाफ लिखित आवेदन नहीं दिया था, इसलिए पूछताछ के बाद उन्हें छोड़ दिया गया।
महिलाओं का आरोप है कि बुधवार शाम थाना से छूटने के बाद राहुल कुमार और रणबीर सिंह कार्यालय बंद कर वहां से चले गए।
गुरुवार को थाने पहुंचीं महिलाएं
गुरुवार को भी बड़ी संख्या में महिलाएं भवनाथपुर थाना पहुंचीं और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। थाना प्रभारी रंजनी रंजन ने बताया कि बुधवार को दोनों व्यक्तियों को थाना लाया गया था, लेकिन उस समय कोई लिखित शिकायत नहीं मिली थी। गुरुवार को आवेदन प्राप्त हुआ है और राहुल कुमार एवं रणबीर सिंह के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई की जाएगी।
समूह बनाकर 60 हजार रुपये लोन का दिया गया था झांसा
बताया जाता है कि कर्पूरी चौक के समीप चपरी निवासी दशरथ साह के मकान में राहुल कुमार और रणबीर सिंह ने कंपनी का कार्यालय किराये पर लिया था। इसके बाद भवनाथपुर और केतार प्रखंड के विभिन्न गांवों में जाकर महिलाओं को 60 हजार रुपये तक का लोन दिलाने की बात कही गई।
महिलाओं के अनुसार, उन्हें बताया गया कि लोन लेने के लिए समूह बनाना जरूरी है। साथ ही लोन देने से पहले कंपनी की ओर से सिलाई मशीन, कूलर, फ्रिज, मिक्सी आदि सामान उपलब्ध कराने की बात कही गई और सामान के अनुसार निर्धारित राशि नकद जमा करने को कहा गया।
महिलाओं का आरोप है कि कंपनी कर्मियों के आश्वासन पर उन्होंने पैसे जमा कर दिए, लेकिन सामान नहीं मिलने और कार्यालय बंद होने के बाद उन्हें ठगी की आशंका हुई।
अब पुलिस में शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच और प्राथमिकी की कार्रवाई की बात कही गई है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि पूरे मामले में कितनी राशि की वसूली हुई और कथित तौर पर कितने लोग प्रभावित हुए हैं।







