मध्यप्रदेशसिंगरौली

सिंगरौली: कठदहा चेकडैम मामले में कलेक्टर ने की बड़ी कार्यवाही दो पर गिरी गाज।

FB IMG 1783423577864 1

 

सिंगरौली: कठदहा चेकडैम मामले में कलेक्टर ने की बड़ी कार्यवाही दो पर गिरी गाज।

कलेक्टर के निर्देश पर सचिव निलंबित उपयंत्री की सेवा समाप्ति और सरपंच को पद से हटाने का नोटिस

(जिला ब्यूरो चीफ सिंगरौली अमरेन्द्र शुक्ला)

सिंगरौली: कलेक्टर गौरव बैनल के कड़े रुख और निर्देशों के बाद जिला प्रशासन द्वारा शासकीय कार्यों में लापरवाही और वित्तीय अनियमितता के खिलाफ एक बड़ी दंडात्मक कार्यवाही की गई है। जनपद पंचायत देवसर के ग्राम पंचायत कठदहा में 15वें वित्त मद से निर्मित चेकडैम के पहली ही बारिश में ध्वस्त होने के मामले को कलेक्टर ने बेहद गंभीरता से लिया है। उनके निर्देश पर त्वरित कदम उठाते हुए जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जगदीश गोमे ने जहां संबंधित ग्राम पंचायत सचिव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है, वहीं पदीय कर्तव्यों में घोर लापरवाही बरतने पर सरपंच को पद से हटाने और उपयंत्री को संविदा सेवा से पृथक करने के संबंध में कड़े कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।

यह पूरी कार्यवाही कलेक्टर गौरव बैनल के सख्त निर्देशों के बाद धरातल पर उतरी है। ग्राम पंचायत कठदहा के घघिया नाला से बने इस चेकडैम को निर्माण एजेंसी द्वारा महज 15 दिन पहले ही पूर्ण घोषित किया गया था लेकिन पहली ही बारिश में यह पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। कलेक्टर के निर्देश पर कराई गई तकनीकी जांच में सामने आया कि चेकडैम की नींव मानक के विपरीत 1.00 मीटर से भी कम गहरी थी, ग्रेविटी डैम होने के बावजूद इसमें किसी भी प्रकार के लोहे  का उपयोग नहीं किया गया था और डाउन स्ट्रीम साइड स्लोप भी निर्धारित मानकों के अनुसार नहीं बनाया गया था।जांच में यह भी खुलासा हुआ कि उपयंत्री द्वारा कार्य का कोई मूल्यांकन नहीं किया गया था,फिर भी सरपंच और सचिव द्वारा राशि अनाधिकृत रूप से आहरित कर ली गई, जो गंभीर वित्तीय अनियमितता और शासकीय राशि के दुर्विनियोजन की श्रेणी में आता है। इस मामले में कर्तव्यों के निर्वहन में घोर लापरवाही और गंभीर वित्तीय अनियमितता का प्रथम दृष्टया दोषी पाते हुए जिला पंचायत सीईओ जगदीश गोमे ने मध्य प्रदेश पंचायत सेवा नियम 2011 के तहत सचिव  बिहारीलाल साकेत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में इनका मुख्यालय जनपद पंचायत देवसर नियत किया गया है। इसके साथ ही तकनीकी पर्यवेक्षण और ले-आउट के पश्चात सतत निगरानी न रखने के गंभीर कृत्य पर कड़ा संज्ञान लेते हुए कलेक्टर गौरव बैनल ने उपयंत्री सतीष पटेल को संविदा शर्तों के उल्लंघन के तहत नोटिस जारी कर संविदा सेवा समाप्ति पद से पृथक करने का जवाब मांगा है। वहीं, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत द्वारा ग्राम पंचायत कठदहा के सरपंच  दिलशरण सिंह को मध्य प्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम 1993 की धारा 40 के उप नियम (क) (ख) के तहत कारण बताओ नोटिस जारी कर सरपंच पद से पृथक (पदमुक्त) करने की कार्यवाही शुरू कर दी है। सभी दोषियों को 13 जुलाई, 2026 को साक्ष्यों के साथ उपस्थित होने का अंतिम अवसर दिया गया है, अन्यथा अनुपस्थिति की दशा में एकपक्षीय कार्यवाही की जाएगी।

Back to top button
error: Content is protected !!