

सुप्रीम कोर्ट ने उन बच्चों को बड़ा झटका दिया है जो अपने बुजुर्ग माता-पिता से उनके नाम पर संपत्ति प्राप्त करने या उपहार के रूप में ऐसी संपत्ति प्राप्त करने के बाद अपने माता-पिता को छोड़ देते हैं।
संपत्ति मिलने के बाद अगर बच्चे अपने माता-पिता का भरण-पोषण नहीं करते हैं तो संपत्ति वापस कर दी जाएगी
यही फैसला सुप्रीम कोर्ट ने लिया है !
वे बच्चे जो बुजुर्ग माता-पिता से उनके नाम पर संपत्ति प्राप्त करने के बाद या उपहार के रूप में ऐसी संपत्ति प्राप्त करने के बाद अपने माता-पिता को छोड़ देते हैं, सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि अगर माता-पिता संपत्ति अपने नाम पर लेकर या उनसे कोई उपहार लेकर चले जाते हैं तो ऐसे बच्चों को उन्हें मिली संपत्ति या उपहार वापस करना होगा।
सुप्रीम कोर्ट इन आदेशों से साफ है कि बच्चों को हर हाल में बुजुर्ग माता-पिता का ख्याल रखना होगा। इसलिए, बच्चों के लिए उन्हें अपने माता-पिता की ओर से प्राप्त करना या उन्हें उपहार के रूप में प्राप्त करना और फिर उन्हें हवा में छोड़ देना महंगा हो सकता है। इसलिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिया गया यह फैसला ऐतिहासिक और बेहद महत्वपूर्ण है!
सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में स्पष्ट रूप से कहा कि यदि बच्चे अपने माता-पिता का भरण-पोषण करने में विफल रहते हैं, तो माता-पिता द्वारा उन्हें उपहार में दी गई संपत्ति वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम के तहत निरस्त किया जा सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में बुजुर्गों को लेकर ये अहम फैसला सुनाया है, इससे बुजुर्गों को काफी फायदा होगा, इस फैसले से अब उम्मीद है कि बच्चे अपने माता-पिता का ख्याल रखेंगे और उनके साथ अच्छा व्यवहार करेंगे!








