
घर में निकला ज़हरीला कोबरा, सांप की केंचुली देख सहमे लोग ,सर्पमित्र ने सूझबूझ से पकड़ा ज़हरीला सांप

कुशीनगर हाटा कोतवाली क्षेत्र के नगर पंचायत सुकरौली में शनिवार की सुबह अचानक हड़कंप मच गया। पत्रकार मनोज यादव के मकान में एक विशालकाय कोबरा सांप के मिलने से पूरे परिवार में दहशत फैल गई। कहानी की शुरुआत दो दिन पहले होती है जब मनोज यादव के घर में पूजा स्थल की सफाई के दौरान एक लिक्विड जैसी चीज़ दिखी। और पूजा पाठ के लिए रखा गया सीसी का तेल अपने स्थान से दूसरे स्थान पर सरका हुआ मिला। परिवार ने सोचा, शायद बिल्ली का बाथरूम होगा, और बिना सोचे-समझे साफ कर दिया। उसी दौरान एक जगह पर सांप की केंचुली का टुकड़ा भी मिला, जिसे किसी ने ज्यादा महत्व नहीं दिया। लेकिन किसे पता था, यही लापरवाही एक बड़े खतरे की निशानी थी।शनिवार की सुबह, जब मनोज यादव पूजा करके अपने न्यूज़ कवरेज पर जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी चौकी के नीचे दोबारा सांप की केंचुली मिली। उन्होंने तुरंत उसकी तस्वीर खींचकर AI पर भेजी। जवाब मिला “अगर केंचुल में नमी है, तो सावधान रहें, सांप आसपास ही है।” मनोज ने जब हाथ से केंचुल छुई, तो वह सचमुच गीली थी। अब तो परिवार के होश उड़ गए। सबने डरते-डरते घर की तलाश शुरू की। तभी एक कोने में इलेक्ट्रॉनिक सामानों के पीछे कुछ हिलता-डुलता नजर आया वही था, वो विशालकाय कोबरा। फौरन सर्पमित्र विशाल को बुलाया गया। वह मौके पर पहुंचे और बेहद सावधानी से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। जैसे ही सामान हटाया गया, कोबरा ने जोरदार फुफकार भरी। विशाल ने बिना घबराए, अपने अनुभव से उसे काबू में कर लिया। सांप को एक डिब्बे में बंद किया गया और बाद में सुरक्षित जगह पर छोड़ा जाएगा। विशाल ने बताया कि यह “कोबरा प्रजाति” का अत्यंत विषैला सांप है। उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा—“अगर कभी सांप काटे, तो झाड़फूंक के चक्कर में न पड़ें, सीधे अस्पताल जाएं। और सांप को मारें नहीं, क्योंकि पर्यावरण के संतुलन में उनका भी अहम योगदान है।” सांप के सुरक्षित पकड़ लिए जाने के बाद परिवार ने राहत की सांस ली है। पर सवाल अभी भी वही है आखिर वह ज़हरीला कोबरा उनके घर में आया कहां से? यही रहस्य अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया है।












