
कतरास: बीसीसीएल कतरास क्षेत्र अंतर्गत अंबे माइनिंग आउटसोर्सिंग में शुक्रवार को हुए लैंड स्लाइड हादसे ने 6 परिवारों को उजाड़ दिया। सर्विस वैन मलबे में दबने से सभी कर्मियों की मौके पर मौत हो गई।
दुर्घटना के बाद कंपनी प्रबंधन ने 20-20 लाख रुपये मुआवजा, अतिरिक्त राशि, बीमा भुगतान और मासिक वेतन देने की घोषणा कर दी। लेकिन इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्थाओं की सच्चाई उजागर कर दी है। मजदूरों को न तो किसी प्रकार की सुरक्षा सुविधा दी गई और न ही खतरे के बावजूद कार्य रोका गया।
इस हादसे की सीधी जिम्मेदारी अंबे माइनिंग के जीएम राणा चौधरी और साइड इंचार्ज पर आती है। उनके अधीन क्षेत्र की सुरक्षा और संचालन था, मगर संभावित खतरे की अनदेखी कर उत्पादन जारी रखा गया।
अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग संघ के जिला अध्यक्ष रत्नेश कुमार ने X (पूर्व ट्विटर) पर प्रधानमंत्री, कोयला मंत्री, झारखंड सरकार, विधायक इरफान अंसारी और धनबाद डीसी को टैग कर दोषियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
यह हादसा केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि लापरवाही का नतीजा है। जब तक जिम्मेदार अधिकारियों को दंडित नहीं किया जाएगा, तब तक मजदूरों की सुरक्षा अधर में ही रहेगी।



