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नरयावली विधानसभा विकास पथ पर, विधायक लारिया की बडी उपलब्धि, हनौता पारीक्षत बाध को मिली, 770 लाख की स्वीकृति

सागर,वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज रिपोर्टर सुशील द्विवेदी 8225072664 * नरयावली विधानसभा क्षेत्र के किसानों के लिए खुशहाली की नई इबारत लिखने की तैयारी है। क्षेत्रीय विधायक इंजीनियर प्रदीप लारिया के सतत एवं सक्रिय प्रयासों से ‘हनोता पारीक्षत सिंचाई परियोजना’ को जल संसाधन विभाग की तकनीकी एवं वित्तीय स्वीकृति प्राप्त हो गई है। 770 लाख की लागत वाली यह परियोजना क्षेत्र में जल क्रांति का सूत्रपात करेगी, जिससे न केवल खेतों की प्यास बुझेगी, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई ऊर्जा मिलेगी। विधायक इंजी.प्रदीप लारिया ने इस परियोजना की रूपरेखा को शासन स्तर पर प्रभावी ढंग से रखा। उनके निरंतर ‘फॉलोअप’ का ही सुखद परिणाम है कि विभाग ने इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए बजट आवंटित कर दिया है। इस परियोजना की कुल अनुमानित लागत 770 लाख रू. है। भूमि अर्जन हेतु प्रावधान 431.84 लाख रखा गया है और निर्माण कार्य लागत 318.16 लाख रू.होगी। इस बांध के निर्माण का सीधा लाभ क्षेत्र के उन सैकड़ों किसानों को मिलेगा जो सिंचाई के अभाव में केवल एक फसल पर निर्भर थे। अब 221 हेक्टेयर कृषि भूमि में रबी की फसल के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध होगा। इससे प्रति एकड़ पैदावार में वृद्धि होगी और किसानों की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ होगी।
हनोता पारीक्षत परियोजना केवल एक सिंचाई ढांचा मात्र नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र के पारिस्थितिक तंत्र को पुनर्जीवित करेगी। विशाल जल भराव के कारण आसपास के गांवों का वाटर-टेबल ऊपर आएगा, जिससे कुएं और हैंडपंप बारहमासी क्रियाशील रहेंगे। ग्रामीण अंचलों में पशुपालन आजीविका का मुख्य आधार है। गर्मी के दिनों में मवेशियों के लिए पेयजल और ग्रामीणों के दैनिक निस्तार कार्यों के लिए यह बांध वरदान साबित होगा। जल संग्रहण से क्षेत्र की शुष्कता कम होगी और हरियाली के विस्तार में मदद मिलेगी। इस उपलब्धि पर विधायक इंजीनियर प्रदीप लारिया ने कहा, “हनोता पारीक्षत बांध क्षेत्र की आवश्यकता थी, जो अब साकार होने जा रहा है। हमारा लक्ष्य विधानसभा के अंतिम छोर के किसान के खेत तक पानी पहुँचाना है। इस परियोजना से क्षेत्र में समृद्धि के नए द्वार खुलेंगे।” विभाग द्वारा अब शीघ्र ही निविदा प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी, जिससे धरातल पर निर्माण कार्य शुरू हो सकेगा।

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