
(फुरकान अंसारी)
हरिद्वार, 27 फरवरी 2026।रमजान उल मुबारक का दूसरा जुमा नगर व आसपास के क्षेत्रों में अकीदत के साथ शांतिपूर्वक तरीके से संपन्न हुआ। ज्वालापुर की मंडी कुएं की जामा मस्जिद में जुमा की नमाज मौलाना मोहम्मद मुआज ने अदा कराई,जबकि जुमा से पहले तकरीर करते हुए मौलाना मोहम्मद मुआज ने कहा कि रमजान का महीना नेकियों का महीना है।रमजान का पहला अशरा रहमतों का असरा अब खत्म खत्म होने वाला है और कल से रमजान का दूसरा अशरा मगफिरत का अशरा शुरू होगा।उन्होंने बताया कि रमजान में एतकाफ का भी बड़ा महत्व है,जिसमें रोजेदार प्रत्येक मस्जिदों में आखिरी दस दिनों में एतकाफ की नीयत से बैठकर इबादत करते हैं।इस अशरे में रोजेदार तमाम गुनाहों से पाक हो जाता है।उन्होंने कहा कि रमजान में मोमिनों को दिल खोलकर गरीब बेसहारा और मजलूम लोगों की मदद करनी चाहिए।अल्लाह ताला ने भी यही पैगाम दिया है,क्योंकि रमजान का महीना बड़ा बरकतों वाला है,इसलिए इस महीने में हमें समाज के हर जरूरतमंद आदमी की मदद और उसकी सेवा करनी चाहिए।रमजान में अल्लाह हर नेकी का सवाब सत्तर गुना बढ़ा देता है,इसलिए कोशिश रहे कि प्रत्येक मुसलमान ज्यादा से ज्यादा इबादत करें और अल्लाह के बंदों की खिदमत करें। ईदगाह पावधोइ मस्जिद,मदरसे के प्रबंधक मौलाना मोहम्मद आरिफ ने जकात,सदका,फितरा के बारे में बताया कि रोजा केवल इबादत ही नहीं,बल्कि इसमें बेशुमार मर्जों की दवा भी है।रोजा रखने से इंसान रूहानी तौर पर पाकिजा हो जाता है।उन्होंने बताया कि इस बार फित्रे की रकम पचास रुपए तय की गई है। इस मौके पर हाजी मुनफैत अंसारी, हाजी सलाम अंसारी, इमाम कुतुबुद्दीन साहब, अनवर अहमद, तौफिक अहमद, यासीन अंसारी, सरफराज अली अंसारी, गिलमाने रसूल, अकरम, लियाकत मुल्ला जी, मसरूर, मेहताब, जॉनी, फैजान, मोहम्मद अलमीर, शाहरुख खान, सारिक खान,आफताब, इस्लामुद्दीन, अमान अंसारी, नासिर अंसारी तथा पत्रकार फुरकान अंसारी सहित आदि बड़ी संख्या रोजेदारों ने नमाज अदा की।






