

हरियाणा विधानसभा चुनाव में मिली हार को कांग्रेस पचा नहीं पा रही है. नतीजतन, जीत को लेकर बेहद आश्वस्त रही कांग्रेस ने इन नतीजों का विश्लेषण करने के लिए गुरुवार को हाई लेवल मीटिंग भी की है. इस बैठक में खुद राहुल गांधी भी मौजूद रहे. अभी तक हरियाणा के चुनावी नतीजों पर कोई भी प्रतिक्रिया न देने वाले राहुल गांधी ने आज इस मसले पर अपनी राय जाहिर कर ही दी. उन्होंने हरियाणा में कांग्रेस को मिली हार की वजह प्रदेश कांग्रेस के नेताओं बताया. हालांकि उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उन्होंने जो बयान दिया, उससे उनकी नाराजगी साफ जाहिर हो रही है.
नतीजों पर मंथन के लिए आए राहुल गांधी ने हरियाणा हार पर बड़ी बात कही. उन्होंने कहा कि हरियाणा में नेताओं का इंटरेस्ट ऊपर रहा, जबकि पार्टी का इंटरेस्ट नीचे चला गया. हालांकि राहुल गांधी ने किसी नेता का नाम नहीं लिया, लेकिन उन्होंने इशारों-इशारों में बता दिया कि किनकी वजह से पार्टी को हरियाणा में हार का मुंह देखना पड़ा है.
दरअसल, कांग्रेस ने हरियाणा की हार पर मंथन का फैसला लिया है. प्रदेश कांग्रेस के नेताओं के साथ यह मंथन किया जाएगा. इसमें आज कांग्रेस के हरियाणा से जुड़े AICC के नेताओं के साथ बैठक हुई. चुनाव की गिनती में अनियमितता और हरियाणा कांग्रेस के अंदर मतभेदों को लेकर इसमें चर्चा हुई. प्रदेश के नेताओं के साथ बैठक के बाद इस पूरे मसले पर कार्रवाई की जाएगी. हरियाणा चुनाव से जुड़े सीनियर ऑब्जर्वर ने मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी को हरियाणा पर अपनी शुरुआती रिपोर्ट में इसकी जानकारी दी है.
हरियाणा को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष खरगे, राहुल गांधी, वेणुगोपाल, अजय माकन और अशोक गहलोत ने इस पर चर्चा की. साथ ही हरियाणा को लेकर कांग्रेस की फैक्ट फाइंडिंग कमेटी बनाने फैसला लिया गया. फैक्ट फाइंडिंग कमेटी कांग्रेस प्रत्याशियों और प्रदेश के नेताओं से मिलेगी और अपनी रिपोर्ट कांग्रेस अध्यक्ष को देगी. आज फैक्ट फाइंडिंग कमेटी की कांग्रेस की तरफ से घोषणा किए जाने की संभावना है. फैक्ट फाइंडिंग कमेटी ही प्रदेश के नेताओं भूपेंद्र सिंह हुड्डा, उदयभान, रणदीप सुरजेवाला और कुमारी सैलजा से मिलेगी. बैठक के बाद अजय माकन ने कहा, ‘मीडिया के लोग भी मानते होंगे कि हरियाणा के नतीजे अप्रत्याशित थे. एग्जिट पोल और असल नतीजों में जमीन-आसमान का अंतर था. हरियाणा में मिली हार के अलग-अलग कारण क्या हो सकते हैं, इस पर चर्चा की गई. उन्होंने यह भी कहा कि जो भी आगे कदम उठाए जाएंगे, उसकी जानकारी बाद में दी जाएगी.
जब संवाददाताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और कांग्रेस महासचिव कुमारी सैलजा के बैठक नहीं शामिल होने के बारे में सवाल पूछा तो माकन ने कहा कि जिनको बुलाया गया था, वो सभी आए थे.







