
वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज रिपोर्ट

संवाद, महाराजगंज। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) न्यायमूर्ति भूषण रामकृष्ण गवई ने शनिवार को नेपाल स्थित भगवान गौतम बुद्ध की जन्मस्थली लुंबिनी का दौरा किया। उन्होंने मायादेवी मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना कर दीप प्रज्ज्वलित किया और विश्व शांति, मानव कल्याण तथा भारत-नेपाल संबंधों को और मजबूत बनाने की प्रार्थना की।
इस अवसर पर उन्होंने बुद्ध की जन्मस्थली पर सूत्रपाठ भी किया। मुख्य न्यायाधीश ने लुंबिनी विकास कोष द्वारा तैयार मास्टर प्लान और चल रहे निर्माण कार्यों की जानकारी प्राप्त की और नेपाल सरकार के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भारत की ओर से इस दिशा में सहयोग आगे भी जारी रहेगा।
लुंबिनी विकास कोष के उपाध्यक्ष डॉ. लामा ने मुख्य न्यायाधीश गवई को भगवान बुद्ध की प्रतिमा भेंट की। उन्होंने कहा कि इस यात्रा से लुंबिनी के धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन महत्व को नई ऊंचाई मिलेगी।
गौरतलब है कि न्यायमूर्ति गवई शुक्रवार को काठमांडू में आयोजित भारत-नेपाल न्यायिक वार्ता में शामिल हुए थे। इस संवाद में दोनों देशों के न्यायविदों और न्यायाधीशों ने न्यायिक चुनौतियों और उनके समाधान पर विचार-विमर्श किया।
👉 यह दौरा न केवल भारत-नेपाल की सांस्कृतिक निकटता का प्रतीक है बल्कि न्याय और शांति के साझा मूल्यों को भी मजबूती प्रदान करता है।







