
अंबेडकरनगर में स्मार्ट मीटर लगाने की शुरुआत: बिजली चोरी पर लगेगा लगाम, बिलिंग में सुधार

अंबेडकरनगर। पावर कारपोरेशन ने बिजली चोरी रोकने और उपभोक्ताओं को सही बिलिंग सुविधा प्रदान करने के लिए स्मार्ट मीटर लगाने का कार्य शुरू कर दिया है। स्मार्ट मीटर से न केवल बिजली चोरी पर अंकुश लगेगा, बल्कि उपभोक्ताओं को भी हर यूनिट की सही जानकारी मिलेगी, जिससे बिजली बिल की समस्याओं से निजात मिल सकेगी।
अंबेडकरनगर में चार लाख 25 हजार उपभोक्ताओं के लिए 41 विद्युत उपकेंद्र संचालित हैं, जिनमें इनकमिंग और आउटगोइंग मिलाकर कुल 231 फीडर हैं। पावर कारपोरेशन ने इन विद्युत उपकेंद्रों के फीडर पर स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब तक पांच विद्युत केंद्रों के 10 फीडर पर स्मार्ट मीटर स्थापित किए जा चुके हैं, जिनमें कांशीराम इंजीनियरिंग कालेज, सेनपुर, कटेहरी, असरफपुर बरवां और न्यू टांडा उपकेंद्र शामिल हैं।
अधिशासी अभियंता संजय कुमार ने बताया कि स्मार्ट मीटर लगाने का कार्य तीन चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में विद्युत उपकेंद्र के फीडर पर, दूसरे चरण में ट्रांसफार्मरों पर और तीसरे चरण में उपभोक्ताओं के घरों और दुकानों में स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे। पहले चरण का काम शुरू हो चुका है, और जैसे ही यह पूरा होगा, बिजली मीटर रीडर का काम समाप्त हो जाएगा, जिससे गलत बिलिंग की समस्याओं से छुटकारा मिलेगा।
स्मार्ट मीटर में एक विशेष चिप लगी होगी, जो मीटर को बाईपास करने की स्थिति में बिजली आपूर्ति को बंद कर देगी। इसके साथ ही मीटर के ब्लॉक होने की संभावना भी रहेगी, जिससे बिजली चोरी और गड़बड़ी पर प्रभावी नियंत्रण संभव होगा।
अध्यक्ष अभियंता गिरीश नारायण मिश्रा ने बताया कि स्मार्ट मीटर लगाने का यह अभियान शहर से लेकर गांव तक चलाया जाएगा। इसके माध्यम से बिजली चोरी पर लगाम लगेगा और उपभोक्ताओं को समय पर और सही बिलिंग की सुविधा मिलेगी।
इस पहल से पावर कारपोरेशन की ओर से बिजली आपूर्ति में सुधार और उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

