
मंझरिया कोटदार पर सप्लाई इंस्पेक्टर अनुराग श्रीवास्तव की मेहरबानी
जांच के नाम पर सिर्फ दिखावा होता है, और हर महीने ‘घाटोली’ का यह खेल जारी
अजीत मिश्रा (खोजी)
।। मंझरिया कोटदार पर सप्लाई इंस्पेक्टर अनुराग श्रीवास्तव की मेहरबानी, खुलकर हो रही राशन की लूट।।
बस्ती।। कुदरहा विकास खण्ड के मंझरिया गांव में कोटेदार खुलेआम नियमों की धज्जियाँ उड़ा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि महीनों से राशन वितरण में भारी गड़बड़ी की जा रही है — किसी को कम राशन मिल रहा, तो किसी को पूरा महीना इंतज़ार करना पड़ रहा है। राशन कार्ड पर दर्ज मात्रा के हिसाब से अनाज नहीं मिल रहा, और शिकायत करने पर जवाब मिलता है — “इंस्पेक्टर साहब जानते हैं सब कुछ।”
सूत्रों के मुताबिक, सप्लाई इंस्पेक्टर अनुराग श्रीवास्तव की ‘मेहरबानी’ के चलते कोटेदार का मनोबल इतना बढ़ गया है कि वो प्रशासन तक को चुनौती देने से नहीं डरता। जांच के नाम पर सिर्फ दिखावा होता है, और हर महीने ‘घाटोली’ का यह खेल जारी है।
ग्रामीणों ने बताया कि कई बार शिकायतें तहसील और ब्लॉक स्तर पर की गईं, लेकिन कार्रवाई की जगह चुप्पी साध ली गई। राशन वितरण में पारदर्शिता तो दूर, यहां तो लिस्ट तक दिखाने से मना कर दिया जाता है।
अब सवाल यह है कि जब शासन गरीबों को सस्ता राशन देने के लिए इतनी योजनाएँ चला रहा है, तो मंझरिया में कोटेदार और इंस्पेक्टर की जोड़ी गरीबों का हक़ क्यों लूट रही है?
क्या कुदरहा ब्लॉक प्रशासन इस खुली लूट पर आंख मूंदे रहेगा, या फिर कोई ठोस कार्रवाई होगी?



















