
सजातीय बंधुओं के खिचड़ी भोज हेतु धर्मशाला न देने से भड़का आक्रोश,
समिति के अध्यक्ष पर मनमानी के गंभीर आरोप।
गोला गोकर्णनाथ खीरी।गोला नगर में श्री हरिद्वारी वैश्य समाज के भीतर उस समय तीव्र रोष फैल गया, जब समाजहित में आयोजित किए जा रहे खिचड़ी भोज कार्यक्रम के लिए श्री हरिद्वारी वैश्य धर्मशाला उपलब्ध कराने से समिति अध्यक्ष द्वारा इनकार कर दिया गया। इस निर्णय को समाज की भावनाओं के विरुद्ध बताते हुए युवाओं ने इसे मनमानी और तानाशाही रवैया करार दिया है।
नगर के समाजसेवी युवकों आदित्य गुप्ता एवं अनूप गुप्ता ने बताया कि विगत माह संपन्न हुए श्री हरिद्वारी वैश्य समिति के चुनाव में हुई कथित अनियमितताओं के विरोध में पुनः चुनाव कराए जाने की मांग को लेकर समाज में जनमत अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के अंतर्गत अब तक लगभग 1265 सजातीय बंधुओं ने लिखित सहमति देकर समर्थन व्यक्त किया है।
इसी क्रम में मकर संक्रांति के पावन अवसर पर आगामी 21 जनवरी को सजातीय बंधुओं के लिए खिचड़ी भोज का आयोजन प्रस्तावित किया गया था। आयोजन हेतु समाज के सहयोग से निर्मित धर्मशाला को उपयोग में लेने के लिए समिति से विधिवत अनुमति मांगी गई, किंतु समिति अध्यक्ष कृष्ण कुमार गुप्ता ने बिना कोई ठोस कारण बताए धर्मशाला देने से साफ इंकार कर दिया।
आयोजकों का आरोप है कि अध्यक्ष समाज की सामूहिक संपत्ति को निजी जागीर की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं। समाज के कई वरिष्ठ एवं प्रबुद्धजनों द्वारा समझाने के प्रयासों के बावजूद भी निर्णय में कोई बदलाव नहीं किया गया, जिससे समाज में आक्रोश और असंतोष और अधिक गहरा गया है।आदित्य गुप्ता एवं अनूप गुप्ता ने यह भी कहा कि इससे पूर्व भी अनेक सजातीय बंधुओं को विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों के लिए धर्मशाला उपलब्ध नहीं कराई गई,और उनसे मनमाने धन की मांग की गई जो समाजहित के विरुद्ध है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि समाज की संपत्ति पर किसी एक व्यक्ति का कब्जा स्वीकार नहीं किया जाएगा। जब तक धर्मशाला समाज के आर्थिक रूप से कमजोर एवं जरूरतमंद बंधुओं के लिए सुलभ नहीं होती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। साथ ही जनमत के माध्यम से समाज में मनमानी और भ्रष्टाचार करने वालों को समिति से बाहर करने का आंदोलन और तेज किया जाएगा







