
।। वंदेभारतलाइवटीव न्युज, मंगलवार 04 अगस्त 2026 ।।
नागपुर/महाराष्ट्र—:: प्राप्त हुई जानकारी के अनुसार महाराष्ट्र राज्य सरकार के प्रदेश में राजस्व एवं वन विभाग ने जिला स्तर पर शासन प्रशासन की व्यवस्था को और अधिक नागरिकों के लिए अनूकुल बनाने के लिए एक बड़ा फैसला किया है।मिली जानकारी अनुसार महाराष्ट्र राज्य सरकार ने उपजिलाधिकारी सामान्य प्रशासन पद को खत्म कर दिया है, अब से पूरे महाराष्ट्र राज्य में केवल एक उपजिलाधिकारी राजस्व का पद ही मान्य रहेगा। महाराष्ट्र राज्य सरकार का कथन है कि अलग अलग पद होने से प्रशासनिक कार्यों और नागरीकों के बीच असमंजस की स्थिति रहती है, इसीलिए ऐसा किया गया जा रहा है। शासन के नये आदेशानुसार निवासी उपजिलाधीकारी के पास शस्त्र, लायसेंस, प्राकृतिक आपदा राहत, सूखा प्रबंधन, फसल बीमा, आपले सरकार, पीजी पोर्टल, पर आनलाईन शिकायतों का निराकरण, सुतु केंद्र, सामाजिक सहायता.की योजनाएं, कानून व्यवस्था, सिनेमा एवं वीडियो हाॅल का लायसेंस आदि की जिम्मेदारी रहेगी। उपजिलाधिकारी राजस्व के पास जमीन संबंधी मामलों की जिम्मेदारी दी गई है, इनमें वर्ग 2, भूमि को वर्ग 1, में बदलना, भूमि बेचने की अनुमति ,सरकारी और सीटीएस भूमि का प्रबंधन, भूदान, नजूल, सीलिंग, ईनाम भूमि, वनाधिकार, पेसा कानून, महा राजस्व अभियान, स्थानीय निकाय चुनाव आदि से जुड़े हुए कार्य शामिल रहेंगे।.राज्य सरकार का कथन है कि इस निर्णय से राज्य के नागरिकों को यह जानने समझने में आसानी होगी कि उनका कार्य किस अधिकारी के पास होगा। लोगों को कम समय में और अधिक बेहतर सेवाएं मिलेंगी। इससे प्रशासनिक कार्य जल्दी होंगे।




