
समीर वानखेड़े ब्यूरो चीफ:
नागपुर के नंदनवन इलाके में फिर से गैंगवार की सनसनीखेज घटना सामने आई है। दोस्तों के साथ बियर बार में बैठे कुख्यात अपराधी अक्षय वंजारी पर बार के बाहर आते ही आंखों में मिर्च पाउडर डालकर चाकू और लोहे के हथियार से हमला कर दिया गया। गंभीर रूप से घायल अक्षय की इलाज के दौरान बुधवार, 26 अगस्त को मौत हो गई। यह घटना मंगलवार, 25 अगस्त की शाम की है।
पत्नी के फोन पर बाहर आया और हो गया हमला
25 अगस्त को शाम करीब 7 बजे अक्षय वंजारी अपने कुछ दोस्तों के साथ नंदनवन के सोमरस बार में बैठा था। तभी उसकी पत्नी का फोन आया। फोन आने पर वह बार से बाहर निकला। बाहर पहले से घात लगाए बैठे हमलावरों ने उस पर हमला बोल दिया।
जैसे ही अक्षय बाहर आया, वंदना लांजेवार नाम की महिला ने उसकी आंखों में मिर्च पाउडर फेंक दिया। आंखों में मिर्च जाने से अक्षय को कुछ दिखाई नहीं दे रहा था। इसी मौके का फायदा उठाकर प्रदीप आखरे, प्रशांत आखरे, सूरज लांजेवार और उसके साथियों ने उसे लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया।
जान बचाने के लिए अक्षय भागकर फिर से बार के ऊपर वाले फ्लोर पर गया। वहां उसने दोस्तों को हमले की जानकारी दी। उसके दोस्त भी नीचे आए, लेकिन हमलावरों ने फिर से हमला कर दिया।
आरोप है कि प्रदीप आखरे ने लोहे के हथियार से और प्रशांत आखरे व सूरज लांजेवार ने चाकू से अक्षय पर वार किए। अन्य आरोपियों ने भी उसे पीटा। अक्षय का दोस्त अश्विन रहांगडाले उसे बचाने आया तो आरोपियों ने उस पर भी हमला करने की कोशिश की। गंभीर हालत में अश्विन ने अक्षय को बाइक से अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मुखबिरी के शक में हत्या?
पुलिस के मुताबिक हत्या के पीछे मुखबिरी का शक है। कुछ दिन पहले सूरज लांजेवार के भाई आकाश को चोरी के मामले में पुलिस ने गिरफ्तार किया था। सूरज को शक था कि इस गिरफ्तारी के पीछे अक्षय वंजारी ने पुलिस को जानकारी दी है। इसी को लेकर दोनों गुटों में विवाद चल रहा था और अक्षय को जान से मारने की धमकी भी मिली थी।
इस मामले में नंदनवन पुलिस ने 7 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है। सूरज लांजेवार, उसकी मां वंदना लांजेवार, प्रशांत आखरे और हार्दिक पालनकर को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि प्रदीप आखरे समेत तीन आरोपी फरार हैं। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश कर रही है।






