
थाना दातागंज पुलिस द्वारा स्वयं के पति की हत्या करने वाली अभियुक्ता को मय आलाकत्ल रस्सी सहित किया गया गिरफ्तार
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद बदायूँ डा0 बृजेश कुमार सिंह व अपर पुलिस अधीक्षक नगर जनपद बदायूँ अमित किशोर श्रीवास्तव के निर्देशन एवं क्षेत्राधिकारी दातागंज कृष्ण कुमार तिवारी जनपद बदायूँ के कुशल नेतृत्व में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाये जा रहे अभियान के अन्तर्गत उच्चस्तर की सुरागरसी, पतारसी व मुखबिर की सूचना पर थाना दातागंज पुलिस टीम के द्वारा दिनांक 24.07.24 को थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0 304/24 धारा 103(1) BNS मे वांछित अभियुक्ता 1. पुष्पा देवी पत्नि श्यामवीर निवासी ग्राम सपरेडा थाना दातागंज जनपद बदायूँ को आज दिनांक 25.07.2024 को सपरेडा तिराहा के पास से गिरफ्तार किया गया।
*घटना का संक्षिप्त विवरण-* मृतक श्यामवीर पुत्र मेघनाथ नि0 ग्राम सपरेडा थाना दातागंज बदायूँ की हत्या उसकी पत्नी ने अपने प्रेमी मुकेश पुत्र सोनपाल निवासी ग्राम कोली थाना दातागंज जनपद बदायूँ के साथ मिलकर रस्सी के गला घोटकर हत्या कर देना।
पूछताछ का विवरण-
दौराने पूछताछ अभियुक्ता पुष्पा देवी उपरोक्त ने बताया कि मेरा नाम पुष्पा देवी पत्नि स्व0 श्यामवीर निवासी ग्राम सपरेडा थाना दातागंज जिला बदायूँ ने पूछने पर बताया कि मेरा पति श्यामवीर पुत्र मेघनाथ निवासी ग्राम सपरेडा थाना दातागंज जनपद बदायूँ नशा करने का आदी था व हमेसा भांग का व शराब का सेवन करता रहता था हम लोग गरीब लोग है भट्टे पर काम करके जीवन यापन करते है आये दिन हमारे बीच मे शराब के नशे को लेकर कहासुनी होती रहती थी हमारे साथ भट्टे की लेबर मे मुकेश पुत्र सोनपाल निवासी ग्राम कोली थाना दातागंज जनपद बदायूँ भी काम करता था हमारे पडोसी गांव का रहने वाला है यह मुकेश मेरी जरूरत पडने पर आर्थिक रूप से मदद करता रहता था धीरे-धीरे मेरे परिवार को सहारा देने लगा । इसी के चलते हम दोनो एक – दूसरे के करीब आ गये और मुकेश को मुझसे प्रेम हो गया चूंकि वो मेरे परिवार का लालन पालन करने लगे था तो मेरा मन श्यामवीर से हटकर मुकेश पर आ गया मुकेश ने मुझसे शादी करने की इच्छा भी कही बार जाहिर की थी हम दोनो का प्रेम प्रसंग लगातार चलता रहा हम दोनो को मिले हुए करीब 02 साल हो गये है । मुकेश ने ही मेरी बेटी का रिश्ता गाँव जसवा थाना उसांवा मे अपनी रिश्तेदारी मे करवाया है हमारे प्रेम प्रसंग का श्यामवीर को पता चल गया था जिसके चलते लडाई झगडे बढने लगे थे खर्चा पति दे नही रहा था और मुकेश मुझे शादी करने को लगातार कह रहा था तब हम दोनो ने योजना बद्ध तरीके से षडयंत्र करके दिनांक 18.07.2024 को लगभग डेढ बजे करीबन मैने श्यामवीर को घेर मे भेज दिया था दोपहर मे सब लोग अपने अपने घरो मे आराम कर रहे थे मुकेश और मै चुपचाप घेर मे गये और मुकेश और मैने मिलकर एक पतली रस्सी से श्यामवीर का मुकेश ने गला घोट दिया और मैने श्यामवीर को पकड रखा था जब श्यामवीर ने दम छोड दिया तब मैने बाहर देखा तो बाहर कोई नही था तब मैने मुकेश को इशारा कर दिया और मुकेश खेतो की तरफ निकल गया और मै घर आ गयी और मैने नाटक करके घेर मे जाकर रोना धोना शुरू कर दिया और बताया कि श्यामवीर ने फांसी लगा ली उसके बाद पुलिस आ गयी और श्यामवीर का पोस्टमार्टम कराया लेकिन मुझे नही पता था कि बाद मे यह बात बाद मे खुल जायेगी साहब मुझसे गलती हो गयी मैने अपने पति से तंग आकर यह निर्णय लिया था गला घोटने वाली रस्सी के संबन्ध मे पूछा गया तो बताया कि वह रस्सी मैने घेर मे अपने सबसे अन्दर के कमरे मे लोहे की आलमारी मे रखे प्लास्टिक के सूट केश के नीचे छिपा कर रखी दी थी अब मुझे साहब बहुत पछतावा है मुझसे गलती हो गयी।














