

डीडवाना-कुचामन, राज्य सरकार के निर्देशानुसार जन कल्याण शिविरों के तहत जिले में आयोजित हो रहे ग्रामीण सेवा शिविर आमजन की समस्याओं व कार्यों के निस्तारण के केंद्र बन रहे हैं।
इसी क्रम में मंगलवार को तहसील क्षेत्र लाडनूं की ग्राम पंचायत दुजार में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर में राजस्व विभाग ने जिला कलक्टर अवधेश मीणा एवं उपखण्ड अधिकारी ममता लहुआ के निर्देशन में प्रशासनिक संवेदनशीलता का अनूठा एवं अनुकरणीय उदाहरण पेश किया। ग्राम पंचायत दुजार में आयोजित शिविर में श्री पदमाराम पुत्र हीराराम यादव ने शिविर प्रभारी तहसीलदार अनिरूद्ध देव पाण्डेय से निवेदन किया कि हम दो भाई है, और हम हमारे खेत का विभाजन करवाना चाहते हैं। मेरा भाई लकवाग्रस्त है और वह खेत में बनी अपनी ढाणी में परिवार के साथ रहता है। वह शिविर में आने में असमर्थ है। अगर वहां जाकर विभाजन प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करवा लिये जाये तो हमारा भी काम हो जावें।
इस पर शिविर प्रभारी ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए तुरंत ही नायब तहसीलदार प्रहलाद राय पारीक, ऑफिस कानूनगो गोपाल राम एवं हल्का पटवारी मूली रेवाड़ को प्रार्थी के लकवाग्रस्त भाई नेमाराम के उनके खेत में बनी ढाणी में घर पर जाकर विभाजन प्रस्ताव तैयार कर पेश करने हेतु निर्देशित किया। राजस्व विभाग की टीम ने तुरंत कार्यवाही करते हुए विभाजन प्रस्ताव तैयार कर लकवाग्रस्त नेमाराम के घर पर जाकर विभाजन प्रस्ताव पर दोनों भाईयों के हस्ताक्षर करवाकर मौके पर ही काश्तकारों को राहत प्रदान की।
खाता विभाजन होने पर काश्तकार नेमाराम ने प्रशासन की इस संवेदनशीलता पर अत्यधिक प्रसन्नता हुआ व्यक्त करते हुए राजस्व प्रशासन और राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया।













