A2Z सभी खबर सभी जिले की

सेक्टर पदाधिकारियों एवं सेक्टर पुलिस पदाधिकारी को जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी ने की ब्रीफिंग l

*सेक्टर पदाधिकारीयों एवं सेक्टर पुलिस पदाधिकारी को जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी ने की ब्रीफिंग*।

गया, 27 सितंबर 2025, आगामी बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए प्रतिनियुक्त किए गए गया ज़िले के सभी 10 विधानसभा के लिये सभी सेक्टर पदाधिकारी एवं सेक्टर पुलिस पदाधिकारी को आगामी बिहार विधानसभा चुनाव 2025 स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं भयमुक्त सम्पन्न करवाने हेतु हरिदास सेमनरी प्रेक्षागृह में एक दिवसीय प्रशिक्षण- सह-कार्यशाला का आयोजन जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिलाधिकारी गया श्री शशांक शुभंकर की अध्यक्षता में किया गया।
प्रशिक्षण के प्रारंभ में जिला निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा सभी को संबोधित करते हुए बताया कि चुनाव की घोषणा के पूर्व से ही चुनाव को स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं भयमुक्त वातावरण में संपन्न कराने के लिए सेक्टर पदाधिकारी द्वारा अभी से ही अपने क्षेत्र में तैयारी प्रारंभ कर दी जाती है और यह आवश्यक भी है, क्योंकि प्रेस नोट जारी होने के बाद बहुत कम समय मिलता है।
एक सेक्टर पदाधिकारी को अपने क्षेत्र के भेद्यता की मैपिंग भी करनी है। सभी मतदान केन्द्रों पर आयोग द्वारा निर्धारित 11 प्रकार के सुनिश्चित न्यूनतम सुविधा सुनिश्चित करनी है, पूरे क्षेत्र के सभी मतदान केन्द्रों के रूट से भली भांति परिचित होना है।
उन्होंने कहा कि सभी सेक्टर पदाधिकारी के जिम्मे लगभग 15-15 की संख्या में मतदान केंद्र रहता है, अभी से ही अपने क्षेत्र के सभी बूथों पर पहुच पथ, बिजली की व्यवस्था, रैम्प, टॉयलेट, पेयजल, भवन की स्थिति इत्यादि की जांच जरूर कर ले, ताकि जिस बूथ पर जो कमी है, उसको अभी से ही जांच कर दुरुस्त किया जा सके।
उन्होंने कहा कि विगत चुनाव का इतिहास में व्यवधान उत्पन्न करने वाले तत्व की जानकारी लेनी होती है और इसका प्रतिवेदन भी उपलब्ध कराना होता है ताकि तदनुसार विधि व्यवस्था की कार्रवाई की जा सके।
मतदान तिथि के एक दिन पूर्व रात्रि में यह सुनिश्चित करना होता है कि सभी मतदान केन्द्रों पर सभी मतदान कर्मी, पीठासीन पदाधिकारी एवं पुलिस बल पहुंच चुके हैं। साथ ही मतदान तिथि को प्रातः से ही सभी पीठासीन पदाधिकारी को मॉक पोल के लिए तैयार करवाना होता है।
उन्होंने कहा कि सभी मतदान केंद्र पर ईवीएम कार्यरत रहे यह सुनिश्चित करना होता है।
मॉक पॉल के उपरांत मॉक पॉल का डिलीट करवा कर वीवीपैट से मॉक पोल की पर्ची हटाकर स-समय मतदान प्रारंभ करवाना सुनिश्चित करना होता है।
मॉक पॉल के पहले एवं बाद में ईवीएम के किसी पार्ट को बदलने की आवश्यकता पड़ती है तो सुरक्षित ईवीएम भी सेक्टर पदाधिकारी के पास ही रहता है और दो घंटे के अंदर ईवीएम का वह पार्ट या पूरा ईवीएम बदलना होता है,इसकी जानकारी भी आवश्यक है।
मतदान शांतिपूर्ण, स्वतंत्र,निष्पक्ष एवं भयमुक्त वातावरण में मतदान कर सारे वैधानिक(स्टेचुरी),अवैधानिक(नन स्टेचुरी) पैकेट की तैयारी करवाते हुए ईवीएम के साथ बज्रगृह तक सुरक्षित पहुंचाने की जिम्मेवारी सेक्टर पदाधिकारी की है, इसलिए सेक्टर पदाधिकारी का दायित्व सर्वाधिक महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि निर्वाचन अधिसूचना जारी होने से लेकर मतदान संपन्न होने तक आपके क्षेत्र में किसी भी प्रकार की आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन नहीं हो यह सुनिश्चित करवाना भी सेक्टर पदाधिकारी की जिम्मेवारी है।
उन्होंने कहा कि इसलिए पूरी गंभीरता के साथ प्रशिक्षण प्राप्त किया जाए तथा ईवीएम की भी जानकारी अच्छी तरह से प्राप्त कर लें, ताकि मतदान के दौरान छोटी-मोटी तकनीकी समस्या का निदान आपके द्वारा तुरंत किया जा सके।
सभी सेक्टर पदाधिकारी अच्छी तरह ईवीएम की हैंड्स ऑन ट्रेनिंग जरूर ले ले। आप सभी के साथ एक- एक मास्टर ट्रेनर भी लगाए गए हैं।
प्रशिक्षण में अपर समाहर्ता राजस्व, वरीय उप समाहर्ता अंशू कुमारी, वरीय उप समाहर्ता धनराज कुमार, ज़िला शिक्षा पदाधिकारी, ज़िला जन सम्पर्क पदाधिकारी सहित प्रशिक्षण कोषांग के पदाधिकारीगण एवं 788 की संख्या में सेक्टर पदाधिकारी/ सेक्टर पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे।

त्रिलोकी नाथ डिस्ट्रिक्ट रिपोर्टर गयाजी
वन्दे भारत लाइव टीवी न्यूज़

Back to top button
error: Content is protected !!